गुजरात में दिल का दौरा पड़ने से बीएलओ की मौत, परिवार ने लगाए आरोप, बोले- काम का बोझ बना वजह

गुजरात के खेड़ा जिले में ‘बीएलओ’ के रूप में कार्यरत एक स्कूल शिक्षक की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। शिक्षक के परिवार ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) से जुड़ेअत्यधिक कार्य के दबाव’ को उनकी मृत्यु का कारण बताया उनके भाई ने बताया कि जिले के कपड़वंज तालुका के जम्बूडी गांव निवासी रमेशभाई परमार (50) की बुधवार देर रात अपने घर में सोते समय दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। बताया कि कपड़वंज के नवापुरा गांव के सरकारी स्कूल में शिक्षक रमेशभाई परमार को हाल ही में बीएलओ की ड्यूटी दी गई थी

उनके अनुसार, ‘बीएलओ के रूप में अपना काम खत्म करने के बाद, वह बुधवार शाम लगभग साढ़े सात बजे घर लौटे और फिर से कागजी काम करने लगे। चूंकि उनके यहां मोबाइल नेटवर्क की समस्या थी, इसलिए वह अपना काम खत्म करने के लिए मेरे घर आए। उन्होंने रात साढ़े 11 बजे तक काम किया और अपने घर लौट गए।’ मृतक के भाई ने बताया, ‘रात का खाना खाने के बाद वह सो गए। लेकिन जब सुबह वह नहीं उठे, तो हम उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हमारा मानना ​​है कि काम के अत्यधिक दबाव के कारण उन्हें दिल का दौरा पड़ा।’ परमार की बेटी शिल्पा ने भी यही बात दोहराई और आरोप लगाया कि उनके पिता अत्यधिक काम के कारण ‘दबाव में’ थे।