ममता बनर्जी के खिलाफ कोलकाता में FIR दर्ज, धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी की मुखिया ममता बनर्जी की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. उनके खिलाफ राजधानी कोलकाता के हेयर स्ट्रीट थाने में FIR दर्ज की गई है. उनपर कथित तौर पर धार्मिक भावनाओं को भड़काने का आरोप लगा है. एक कारोबारी ने उनके खिलाफ पहले शिकायत दर्ज कराई थी, जिसे बाद में FIR में तब्दील कर दी गई. 9 मार्च 2026 को कोलकाता के एस्प्लेनेड इलाके में धर्म मंच पर एक कार्यक्रम हुआ. यह जगह मेट्रो चैनल आउटपोस्ट के सामने है. इस कार्यक्रम में ममता बनर्जी ने एक भाषण दिया. शिकायतकर्ता का आरोप है कि उनका यह भाषण भड़काऊ था और इससे समाज में अशांति फैल सकती थी. शिकायत दर्ज कराने वाले का नाम तुषार कांति दास है.
शिकायत में कहा गया है कि ममता बनर्जी ने ऐसा भाषण दिया जो भड़काऊ था. जनता में डर और अशांति फैला सकता था. सांप्रदायिक सौहार्द को नुकसान पहुंचा सकता था. राज्य की लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने की कोशिश थी. आपराधिक धमकी देने जैसा था.
यह FIR भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की तीन धाराओं के तहत दर्ज की गई है. धारा 196(1) – यह धारा उन लोगों पर लगती है जो धर्म, जाति या भाषा के आधार पर अलग-अलग समूहों के बीच नफरत या दुश्मनी फैलाते हैं. धारा 351(2) – यह धारा आपराधिक धमकी से जुड़ी है, यानी किसी को डराने-धमकाने के इरादे से बोले गए शब्द. धारा 352 – यह धारा जानबूझकर किसी को उकसाने या चिढ़ाने से जुड़ी है.
