यूपी के प्रयागराज में बाढ़, घरों में 3 फीट पानी, कारें-बाइकें डूबीं
यूपी के कई शहरों में लगातार बारिश से बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। प्रयागराज की कॉलोनियों में 3 से 4 फीट तक पानी भरने से कारें-बाइकें डूब गई हैं। कई घरों के ग्राउंड फ्लोर डूब गए हैं। लोग पहली मंजिल पर रहने को मजबूर हैं। पुलिस और NDRF की टीमें नावों से लोगों का रेस्क्यू कर रही है। वहीं, ओडिशा के केंद्रापाड़ा में 312 छात्र और 10 शिक्षक दो दिन से स्कूल में फंसे हैं। कुलसाही गांव के सरकारी SC/ST आवासीय आश्रम स्कूल का ग्राउंड फ्लोर ब्राह्मणी नदी के पानी में डूब गया है। स्कूल चारों तरफ से करीब 10 फीट पानी से घिरा है और तेज बहाव के कारण अब तक रेस्क्यू टीम वहां नहीं पहुंच सकी है।
वहीं, हिमाचल प्रदेश में इस मानसून 187 लोगों की मौत हो चुकी है। 30 जून से 16 अगस्त के बीच 79 मौतें बाढ़, लैंडस्लाइड, डूबने और करंट जैसी प्राकृतिक आपदाओं में हुईं, जबकि 107 लोगों की जान सड़क हादसों में गई। राज्य में 294 लोग घायल और 31 अब भी लापता हैं।
ओडिशा के केंद्रपाड़ा में NH-53 का लगभग 100 मीटर हिस्सा धंस गया। यह हाईवे पारादीप पोर्ट को जाजपुर से जोड़ता है।
बालासोर, भद्रक, जाजपुर, मयूरभंज और क्योंझर जिलों में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है। ये जिले बैतरणी, ब्राह्मणी, सालंदी, जलका और बुधबलंगा नदियों में आई बाढ़ से प्रभावित हुए हैं।
हिमाचल प्रदेश में मानसून की घटनाओं के कारण 30 जून से 16 अगस्त के बीच मरने वालों की संख्या बढ़कर 187 हो गई है, जबकि कुल नुकसान लगभग 973 करोड़ रुपए तक पहुंच गया है।
