वोल्वो भारत में प्लग-इन हाइब्रिड वाहन पेश करने की तलाश रही संभावना
स्वीडन की वाहन विनिर्माता कंपनी वोल्वो भारत में प्लग-इन हाइब्रिड वाहन पेश करने की संभावनाएं तलाश रही है, लेकिन ऊंची कर दरों के कारण उसे इन वाहनों की कीमत प्रतिस्पर्धी रखने में चुनौती दिख रही है। कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यह बात कही। वोल्वो कार इंडिया के प्रबंध निदेशक ज्योति मल्होत्रा ने नई इलेक्ट्रिक लक्जरी एसयूवी ‘ईएक्स90’ की पेशकश के मौके पर कहा कि कंपनी भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) और माइल्ड हाइब्रिड वाहनों का संतुलित पोर्टफोलियो रखने की योजना पर काम कर रही है। इसके साथ ही प्लग-इन हाइब्रिड इलेक्ट्रिक वाहनों की संभावनाओं का भी आकलन किया जा रहा है।
मल्होत्रा ने कहा, ‘‘भारत में प्लग-इन हाइब्रिड वाहन पर कर की दरें इनके लिए अनुकूल नहीं हैं। कंपनी यह भी आकलन कर रही है कि ग्राहक इन वाहनों की अपेक्षाकृत अधिक कीमत चुकाने को तैयार होंगे या नहीं।’’
भारत में बैटरी चालित ईवी पर पांच प्रतिशत माल एवं सेवा कर (जीएसटी) लगता है, जबकि छोटी कारों की श्रेणी से ऊपर के प्लग-इन हाइब्रिड वाहन पर 40 प्रतिशत जीएसटी लागू है। इस तरह दोनों के बीच कर की दरों में 35 प्रतिशत अंक का बड़ा अंतर है। ऊंची कीमत के कारण प्लग-इन हाइब्रिड वाहन फिलहाल प्रीमियम और लक्जरी श्रेणी तक ही सीमित हैं।
उन्होंने कहा कि ईवी की पेशकश बढ़ाने की योजना के तहत वोल्वो अगले तीन साल में तीन नए मॉडल पेश करेगी। मल्होत्रा ने कहा कि कंपनी की रणनीति हर साल एक इलेक्ट्रिक कार पेश करने की है। कंपनी फिलहाल भारत में दो पूर्ण इलेक्ट्रिक मॉडल ईएक्स30 और ईसी40 बेचती है। इसके अलावा माइल्ड हाइब्रिड प्रौद्योगिकी वाले एक्ससी60 और एक्ससी90 मॉडल भी उपलब्ध हैं।
वोल्वो ने सोमवार को नई छह सीटों वाली लक्जरी इलेक्ट्रिक एसयूवी ईएक्स90 पेश की, जिसकी शोरूम कीमत 1.26 करोड़ रुपये है। इसकी आपूर्ति जनवरी, 2027 से शुरू होने की उम्मीद है। कंपनी का अगला इलेक्ट्रिक वाहन ईएस90 सेडान हो सकता है। मल्होत्रा ने कहा कि भारत में वोल्वो की कुल बिक्री में ईवी की हिस्सेदारी फिलहाल करीब एक-चौथाई है। हालांकि, आपूर्ति श्रृंखला से जुड़ी दिक्कतों का निकट अवधि की बिक्री पर असर पड़ रहा है।
बिक्री और बाजार हिस्सेदारी के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि निकट अवधि में कंपनी का जोर बिक्री की संख्या या बाजार हिस्सेदारी बढ़ाने के बजाय भारत में ब्रांड की पहचान मजबूत करने और ग्राहकों के अनुभव को बेहतर बनाने पर है।
