छत्तीसगढ़ में 28-29 अक्टूबर को भारी बारिश का अलर्ट, 27 से बदलेगा मौसम, फिर गिरेगा पारा
छत्तीसगढ़ में फिलहाल मौसम शुष्क बना हुआ है, लेकिन अगले कुछ दिनों में मौसम का मिजाज बदलने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के रायपुर केंद्र के अनुसार दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र लगातार मजबूत हो रहा है। इसके 24 अक्टूबर तक अवदाब , 25 अक्टूबर तक गहन अवदाब और 26 अक्टूबर तक चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़ में 27 अक्टूबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक 24 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ में मौसम शुष्क रहने की संभावना है और कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। 25 और 26 अक्टूबर को भी प्रदेश में मौसम शुष्क रहने तथा किसी तरह की चेतावनी नहीं होने का अनुमान है। यानी शनिवार 24 अक्टूबर को प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में बारिश से राहत रहेगी।
मौसम विभाग ने बताया है कि 27 अक्टूबर से प्रदेश के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान एक-दो स्थानों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवा चलने की संभावना है। तेज हवाओं की गति करीब 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक रह सकती है।
28 अक्टूबर को प्रदेश के अनेक स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है। वहीं एक-दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की संभावना भी जताई गई है। 29 अक्टूबर को भी अनेक स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के साथ एक-दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है।
IMD के अनुसार 23 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना। इससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से करीब 5.8 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैला हुआ है। इसके 24 अक्टूबर को अवदाब में बदलने की प्रबल संभावना है। इसके बाद यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए 25 अक्टूबर को गहन अवदाब और 26 अक्टूबर की सुबह तक पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर चक्रवाती तूफान में बदल सकता है। इसके बाद सिस्टम के उत्तर आंध्र प्रदेश और उससे सटे दक्षिणी ओडिशा के तटों की ओर बढ़ने की संभावना है।
बीते 24 घंटे में छत्तीसगढ़ में मौसम शुष्क रहा। प्रदेश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 33.0 डिग्री सेल्सियस रायपुर में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 13.9 डिग्री सेल्सियस अंबिकापुर में रहा। रायपुर में न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बिलासपुर में अधिकतम तापमान 31 डिग्री, जगदलपुर में 32.5 डिग्री और दुर्ग में 30.8 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में प्रदेश के न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट का अनुमान जताया है। हालांकि इसके बाद बंगाल की खाड़ी में बनने वाला सिस्टम प्रदेश के मौसम को प्रभावित कर सकता है और 27 अक्टूबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।
IMD ने गरज-चमक और तेज हवा की स्थिति में सुरक्षित पक्के स्थान पर रहने की सलाह दी है। पेड़ों के नीचे आश्रय लेने से बचने, बिजली की लाइनों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से दूरी बनाए रखने तथा कृषि मंडियों में खुले में रखे उत्पादों को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है।
