चक्रवात अर्नब: छत्तीसगढ़ के 16 जिलों में अलर्ट, फसल बर्बाद, मौसम विभाग की चेतावनी
बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवात अर्नब का प्रभाव छत्तीसगढ़ में भी देखने को मिल रहा है. कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. उत्तरी और मध्य छत्तीसगढ़ के कई जिलों में लगातार बारिश हो रही है. अर्नब तूफान को लेकर सीएम साय के निर्देश के बाद सभी जिलों के कलेक्टर अलर्ट पर है. सुरक्षा को देखते हुए स्कूलों में आज भी छुट्टी घोषित की गई है. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी जिला प्रशासन ने कंट्रोल रूम की स्थापना की है. इसके साथ ही आपदा प्रबंधन विभाग को भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके.
राज्य के अधिकांश स्थानों पर मध्यम वर्षा होने की संभावना है. उत्तरी छत्तीसगढ़ में कुछ स्थानों पर तेज हवाओं (40-50 किमी प्रति घंटा) के साथ गरज के साथ बारिश होने की संभावना है.
कोंडागांव, धमतरी, गरियाबंद, दुर्ग, बालोद, कबीरधाम, मुंगेली, गौरेला पेंड्र मरवाही, कोरबा, सरगुजा, कोरिया, सूरजपुर, एमसीबी, बलरामपुर, जशपुर, रायगढ़ जिले में मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए मध्यम से भारी बारिश और बाढ़ की चेतावनी दी है.
चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के प्रभाव और भारी बारिश की आशंका को देखते हुए गौरेला पेंड्रा मरवाही जिला प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा के मद्देनजर स्कूलों के बाद अब जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में भी एक दिवसीय अवकाश घोषित किया है. जिला कलेक्टर विजय दयाराम के. के अनुमोदन के बाद जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने स्कूलों में अवकाश संबंधी आदेश जारी किया है. वहीं, महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी धीरेन्द्र प्रताप सिंह ने भी कलेक्टर की स्वीकृति से जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद रखने का आदेश जारी किया है.
मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को जिले में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ का प्रभाव बने रहने की संभावना है. इसके बाद शुक्रवार से मौसम सामान्य होने की उम्मीद है. तेज हवाओं और बारिश के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे जिले में ठंडक बढ़ गई है. मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए प्रशासन एहतियाती कदम उठा रहा है.
लगातार बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है. खेतों में कटकर रखी फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका से किसान परेशान हैं. यदि बारिश का सिलसिला आगे भी जारी रहता है, तो कटी हुई फसलों को सुरक्षित रखना किसानों के लिए चुनौती बन सकता है. किसानों को आशंका है कि बारिश से उनकी मेहनत और उपज को नुकसान हो सकता है. ऐसे में वे जल्द मौसम साफ होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं.
सरगुजा संभाग के सूरजपुर जिले में लगातार बारिश हो रही है, जिसको देखते हुए जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. बीते 24 घंटों से क्षेत्र में तेज हवाओं के साथ हो रही बारिश ने जहां आम जनजीवन को प्रभावित किया है, वहीं किसानों की चिंता भी बढ़ा दी है. मौसम की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है और लोगों से सावधानी बरतने की अपील की जा रही है.
सूरजपुर कलेक्टर रेना जमील ने देर रात वीडियो जारी कर जिलेवासियों से सतर्क रहने की अपील की है. उन्होंने कहा कि तेज हवाओं और बारिश के दौरान बेहद जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें. साथ ही जर्जर मकानों में रहने से बचें और उफनते नदी-नालों के आसपास जाने से परहेज करें, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके.
वही कलेक्टर ने वीडियो के माध्यम से जानकारी दी कि मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों को देखते हुए जिले के सभी शासकीय एवं अर्धशासकीय स्कूलों सहित आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित किया गया है. हालांकि, चक्रवात के दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग के पर्यवेक्षकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को अवकाश नहीं दिया गया है.
कल से लगातार हो रही बारिश से खेतों में खड़ी फसलों को लेकर किसान भी चिंतित हैं. ऐसे में जिला प्रशासन ने लोगों से मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने और सतर्क रहने की अपील की है.
बलरामपुर जिले में भी लगातार बारिश हो रही है. बुधवार सुबह से ही झमाझम बारिश जारी है. ठंडी हवाएं भी चल रही है. बारिश के कारण कन्हर, सेंदुर, चनान इरिया, गागर, रीगड़ सहित अन्य सभी छोटे बड़े नदी नालों का जलस्तर भी बढ़ गया है. प्रशासन ने स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है. बारिश के साथ ठंडी हवाओं से मौसम ठंडा हो गया है. न्यूनतम तापमान में भी गिरावट आई है. लगातार और अचानक मौसम परिवर्तन से फसल नुकसान की आशंका को देखते हुए किसान परेशान है.
