राहुल गांधी के ट्रक पर अखिलेश-तेजस्वी भी सवार, सुप्रीम कोर्ट मार्च में जनसैलाब
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में INDIA ब्लॉक के नेताओं का सुप्रीम कोर्ट तक पैदल मार्च शुरू हो गया है. राहुल गांधी समेत INDIA ब्लॉक के 8 नेता सुप्रीम कोर्ट के लिए पैदल मार्च कर रहे हैं. इस बीच राहुल गांधी की याचिका सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हो गई है और आधिकारिक रूप से रजिस्टर भी हो गई है. इस मार्च में शामिल होने के लिए देश के अलग-अलग हिस्सों से कांग्रेस कार्यकर्ता दिल्ली पहुंचे हैं. अखिलेश यादव भी मार्च में शामिल हुए.
हालांकि, मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने INDIA ब्लॉक के सांसदों के आवेदन को अस्वीकार कर दिया है. इसके बावजूद कांग्रेस ने लोगों से मार्च में शामिल होने की अपील की है. राहुल गांधी ने बताया कि आज वे और INDIA ब्लॉक के सांसद सुप्रीम कोर्ट जाएंगे और याचिका दायर करेंगे.
वहीं, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आशुतोष रांका और सौरव दास ने सोमवार को संसद मार्ग पुलिस स्टेशन जाकर पुलिस से जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन के लिए तारीख तय करने की मांग की है. CJP ने अल्टीमेटम दिया है कि दिल्ली पुलिस उन्हें जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की तारीख दे, ऐसा नहीं होने पर सीजेपी एक बार फिर प्रदर्शन का आह्वान करेगी.
INDIA ब्लॉक के मार्च को देखते हुए दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने सोमवार सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक छह मेट्रो स्टेशनों के एंट्री और एग्जिट गेट बंद कर दिए हैं. DMRC के मुताबिक, इन स्टेशनों में पटेल चौक, जनपथ, राजीव चौक, मंडी हाउस, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट और बाराखंभा रोड शामिल है.
सुप्रीम कोर्ट में दाखिल PIL में 8 याचिकाकर्ताओं के नाम शामिल हैं. इनमें लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सौगत रॉय, अखिलेश यादव, तेजस्वी प्रसाद यादव, संजय राउत, एम. ए. बेबी और डी. राजा शामिल हैं.
दिल्ली में INDIA ब्लॉक के नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं. प्रदर्शन में RJD नेता तेजस्वी यादव, समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी समेत अन्य नेता शामिल हुए हैं.
राहुल गांधी की याचिका सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर आधिकारिक रूप से रजिस्टर हो गई है. लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने और स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की है.
