फर्जी निवास प्रमाण पत्र से CRPF में हासिल की थी नौकरी, कोबरा बटालियन से बर्खास्त आरक्षक गिरफ्तार

बलरामपुर : फर्जी निवास प्रमाण पत्र बनवाकर एक युवक ने केंद्रीय सुरक्षा बल में नौकरी हासिल की थी। यह मामला सामने आने के बाद केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) से उसे बर्खास्त कर दिया गया। वह जगदलपुर में 204 कोबरा बटालियन में पदस्थ था। इसके बाद आरक्षक को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने बलरामपुर का कूटरचित स्थानीय निवास प्रमाण पत्र तैयार कर सरकारी सेवा में भर्ती प्राप्त की थी। मामले में अन्य संलिप्त आरोपियों की तलाश भी तेज कर दी गई है। फर्जी दस्तावेजों से नौकरी करने की शिकायत बलरामपुर तहसीलदार को मिली थी। इसके बाद उन्होंने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसी बीच पुलिस उसे जगदलपुर से गिरफ्तार कर लाई।

28 अप्रैल 2026 को तहसीलदार बलरामपुर ने बलरामपुर कोतवाली थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि 204 कोबरा बटालियन सीआरपीएफ में पदस्थ सुमित सिंह पिता अचल सिंह ने ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल के माध्यम से दूसरे व्यक्ति विशाल सोनी के शैक्षणिक और अन्य दस्तावेजों में कूटरचना कर अपने नाम से स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र जारी कराया था। जांच में यह भी सामने आया कि इसी फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर वह पहले सीआरपीएफ में आरक्षक पद पर भर्ती हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अपराध (CRPF Jawan’s Arrested) दर्ज कर जांच शुरू की। विवेचना में दस्तावेजों की कूटरचना, शासकीय रिकॉर्ड का दुरुपयोग और नियुक्ति में धोखाधड़ी की पुष्टि होने पर भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धाराओं के तहत अपराध (CRPF Jawan’s Arrested) पंजीबद्ध किया गया।

गुरुवार को पुलिस टीम ने जगदलपुर स्थित 204 कोबरा बटालियन से आरोपी को विधिवत बर्खास्तगी के बाद अभिरक्षा में लिया। पूछताछ में आरोपी ने फर्जी तरीके से बलरामपुर का निवास प्रमाण पत्र बनवाकर नौकरी पाने की बात स्वीकार कर ली। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जिला जेल रामानुजगंज भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि इस फर्जीवाड़े में शामिल अन्य व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।