जहांगीरपुरी में फायरिंग के आरोपी सोनू चिकना को कोर्ट ने पुलिस कस्टडी में भेजा

राष्ट्रीय

जहांगीरपुरी हिंसा मामले के आरोपी सोनू चिकना को कोर्ट ने 4 दिन की पुलिस कस्टडी में भेजा है. पुलिस ने 7 दिन की कस्टडी मांगी थी. कड़ी सुरक्षा के बीच यूनुस उर्फ़ सोनू को लेकर पुलिस रोहिणी कोर्ट पहुंची थी. सोनू को सोमवार को देर शाम पुलिस ने गिरफ्तार किया था. सोनू चिकना पर पुलिस पर फायरिंग करने का आरोप है. जहांगीरपुरी में शनिवार को हनुमान जयंती की शोभायात्रा के दौरान दो समुदायों के बीच झड़प में एक स्थानीय निवासी और आठ पुलिसकर्मी घायल हो गये थे.

सुरक्षा की वजह से सोनू चिकना के मामले की सुनवाई जज सतबीर लांबा (सीएमएम) चेंबर में हुई. क्राइमब्रांच ने जज से कहा कि उन्होंने इस मामले में काफी सबूत जमा किया है. इस आधार सोनू से पूछताछ की जरूरत है. कोर्ट में पुलिस ने कहा कि जिस हमीद नाम के आरोपी को पकड़ा है, उसके बांग्लादेश से तार जुड़े हैं.

इससे पहले भी सोनू उर्फ यूनुस से पुलिस की टीम ने पूछताछ की, जिसमें कई अहम खुलासे हुए. पूछताछ में सोनू ने गोली चलाने की बात कुबूल की है. पुलिस ने सोनू के पास से वो पिस्तौल भी बरामद कर ली है, जिससे उसने गोली चलाई थी. पुलिस के सूत्रों की मानें तो वो एक कंट्री मेड पिस्तौल है.

पुलिस के सूत्रों ने बताया ये पिस्तौल उसने दिल्ली में ही अपने किसी जानने वाले शख्स से ली थी वो कौन है इसी का जवाब पुलिस तलाश रही है. अभी तक की पूछताछ में सोनू ने जो बातें बताई है उसे पुलिस वेरिफाई कर रही है. पुलिस सोनू के जवाबों से संतुष्ट नहीं है.

जहांगीरपुरी में कैसे हैं हालात?

जहांगीरपुरी में हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं. दिल्ली के पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना ने सोमवार को कहा था कि जहांगीरपुरी समेत संवेदनशील इलाकों में स्थिति सामान्य होने तक पुलिस कर्मियों की तैनाती बनी रहेगी. अस्थाना ने कहा था कि हमने न सिर्फ जहांगीरपुरी बल्कि अन्य इलाकों में भी पर्याप्त बल तैनात किया हुआ है. हम निगरानी के लिए टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेंगे और यह भी देखेंगे कि भविष्य में कोई अप्रिय घटना न हो.

इस बीच, उस मस्जिद के सामने वाली सड़क को बंद कर दिया है जहां जुलूस पर कथित रूप से पथराव हुआ था. पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी की हुई है और बैरिकेड लगाए हुए हैं. पुलिस ने बैरिकेड के पास तंबू भी लगा लिए हैं. इलाके में 24 घंटे 500 से ज्यादा पुलिस कर्मियों और अतिरिक्त बलों की छह कंपनियों को तैनात रखा गया है.

पुलिस ने बताया कि आंसू गैस से लैस और पानी की बौछार करने वाले कुल 80 दलों को तैनात रखा गया है. संवेदनशील इलाकों में छतों पर निगरानी रखने के लिए ड्रोन का भी इस्तेमाल किया जा रहा है.