क्या सरकार पढ़ती है आपके WhatsApp मैसेज? सामने आई सच्चाई
अगर आपको भी लगता है कि सरकार हमारे वॉट्सऐप मैसेज पर नजर रखती है तो आपको सच्चाई जानने की जरूरत है. भारत सरकार के ऑफिशियल ट्विटर चैनल PIB Fact Check ने सोशल मीडिया पर वॉट्सऐप मैसेज को लेकर फैल रहे अफवाहों की सच्चाई बताई है. दरअसल इन अफवाहों में ये दावा किया गया है कि भारत सरकार हमारे वॉट्सऐप मैसेज को पढ़ती है और उस पर नजर रखती है.
PIB Fact Check ने एक स्टेटमेंट जारी कर ये कहा है कि ये सभी दावे गलत हैं. ये एक मिथ है और इसमें कोई सच्चाई नहीं है. पीआईबी फैक्ट चेक ने एक फोटो ट्वीट करके मामला क्लियर किया है.
अफवाह फैलाने वाले ये दावा कर रहे थे कि अगर प्लैटफॉर्म पर की गई बातचीत पर दो टिक की जगह तीन टिक दिख रहा है तो इसका मतलब है कि आपके मैसेज सरकार पढ़ रही है. अगर दो ब्लू और एक रेड टिक दिख रहा है तो सरकार मैसेज भेजने वाले के खिलाफ एक्शन ले सकती है. वहीं अगर तीन रेड टिक दिख रहा है तो सरकार लीगल एक्शन लेने वाली है. पीआईबी फैक्ट चेक के अनुसार ये अफवाह लोगों को गुमराह कर रहे हैं.
#Fake News Alert !
Messages circulating on Social Media reading ‘WhatsApp info regarding √ tick marks’ is #FAKE.#PIBFactCheck : No! The Government is doing no such thing. The message is #FAKE.
Beware of rumours! pic.twitter.com/GAGEnbOLdY
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) April 7, 2020
PIB Fact Check ने क्लेरिफाई किया है कि ऑफिशियल वॉट्सऐप प्लैटफॉर्म रेड टिक यूज नहीं करता है. इसकी जगह वह ग्रे और ब्लू टिक को यूज करता है. इसलिए अगर किसी फोटो में अगर आपको रेड टिक दिखाया जा रहा है तो यह आपको सिर्फ गुमराह करने के लिए किया गया है और वास्तव में सरकार का इससे कोई लेना देना नहीं है.
भारत सरकार WhatsApp या किसी भी सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म के प्राइवेट मैसेज को मॉनिटर नहीं करती है. इसके अलावा भारत की सुप्रीम कोर्ट ने इससे पहले कहा था कि WhatsApp मैसेज में इस तरह का कोई एविडेंस नहीं देखा गया है, इसलिए इस तरह के किए गए दावे गलत हैं.
WhatsApp अपने मैसेज सर्विस के लिए एंड-टू-एंड एनक्रिप्शन देता है. फोटोज और वीडियोज के लिए भी यही नियम हैं.
