EU और भारत के बीच ऐतिहासिक फ्री-ट्रेड डील का ऐलान, पीएम मोदी बोले- यह साझा समृद्धि का नया ब्लू प्रिंट
करीब दो दशक तक चली लंबी बातचीत के बाद भारत और यूरोपीय संघ आज 27 जनवरी को अपने ऐतिहासिक व्यापार समझौते की घोषणा करने जा रहे हैं. यह घोषणा 16वें भारत-EU शिखर सम्मेलन में की जाएगी. इस अहम बैठक की सह-अध्यक्षता यूरोपीय परिषद के राष्ट्रपति एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन कर रहे हैं. दोनों नेता इस समय भारत के राजकीय दौरे पर हैं और 77वें गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे. यह समझौता भारत और EU के रिश्तों को नई मजबूती देगा, जिसमें व्यापार, सुरक्षा और स्वच्छ ऊर्जा संक्रमण जैसे अहम क्षेत्रों में सहयोग बढ़ेगा. यह डील दोनों पक्षों के लिए आर्थिक और रणनीतिक रूप से अहम मानी जा रही है. इस बीच अमेरिका की तरफ से प्रतिक्रिया आ रही है, जहां ट्रंप के मंत्री ने कहा है, “यूरोप अपने ही खिलाफ युद्ध को फंड कर रहा है.”
यूरोपीय काउंसिल के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा ने कहा, “आज हमने अपनी ट्रेड बातचीत पूरी कर ली है. हमने इसे मई 2021 में फिर से शुरू किया था, जब पिछली भूमिका में मुझे उस बैठक की मेज़बानी करने का मौका मिला था.” उन्होंने कहा, “हमारा यह शिखर सम्मेलन दुनिया को साफ संदेश देता है. ऐसे समय में जब वैश्विक व्यवस्था में बड़ा बदलाव हो रहा है, यूरोपीय संघ और भारत रणनीतिक और भरोसेमंद साझेदार के रूप में साथ खड़े हैं.” कोस्टा ने कहा, “आज हम अपनी साझेदारी को अगले स्तर पर ले जा रहे हैं. दुनिया के दो सबसे बड़े लोकतंत्र होने के नाते हम मिलकर अपने नागरिकों को ठोस लाभ देने और शांति, स्थिरता, आर्थिक विकास और सतत विकास को मजबूत करने वाली वैश्विक व्यवस्था बनाने के लिए काम कर रहे हैं.”
एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा ने कहा, “मैं यूरोपीय काउंसिल का अध्यक्ष हूं, लेकिन मैं एक ओवरसीज भारतीय नागरिक भी हूं. जैसा कि आप समझ सकते हैं, मेरे लिए इसका खास मतलब है.” उन्होंने कहा, “मुझे गोवा में अपनी जड़ों पर बहुत गर्व है, जहां से मेरे पिता का परिवार आता है और यूरोप तथा भारत के बीच का संबंध मेरे लिए व्यक्तिगत है.”
यूरोपीय काउंसिल के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा ने कहा कि वह भारत के ओवरसीज नागरिक हैं. उन्होंने अपना एक पासपोर्ट भी दिखाया और कहा कि इससे पीपल टू पीपल टाइज मजबूत होंगे. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद देते हुए कहा, “प्रधानमंत्री मोदी, इस खास मौके पर हमारा स्वागत करने के लिए धन्यवाद. कल हमें गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि बनने का सौभाग्य मिला.”
एंटोनियो कोस्टा ने कहा, “यह भारत की क्षमताओं और विविधता का बेहद प्रभावशाली प्रदर्शन था. आज एक ऐतिहासिक पल है. हम व्यापार, सुरक्षा और लोगों के बीच संबंधों को लेकर अपने रिश्तों में एक नया अध्याय शुरू कर रहे हैं.”
एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा ने कहा, “मैं यूरोपीय काउंसिल का राष्ट्रपति हूं, लेकिन मैं एक ओवरसीज भारतीय नागरिक भी हूं. जैसा कि आप समझ सकते हैं, मेरे लिए इसका खास मतलब है.” उन्होंने कहा, “मुझे गोवा में अपनी जड़ों पर बहुत गर्व है, जहां से मेरे पिता का परिवार आता है और यूरोप तथा भारत के बीच का संबंध मेरे लिए व्यक्तिगत है.”
भारत-EU फ्री ट्रेड एग्रीमेंट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा,”आज भारत ने अपने इतिहास का सबसे बड़ा फ्री ट्रेड एग्रीमेंट पूरा किया है. 27 जनवरी को भारत ने 27 यूरोपीय देशों के साथ यह FTA साइन किया है.” उन्होंने कहा, “इससे निवेश को बढ़ावा मिलेगा, नए इनोवेशन पार्टनरशिप बनेंगी और वैश्विक स्तर पर सप्लाई चेन मजबूत होंगी.” पीएम मोदी ने आगे कहा, “यह सिर्फ एक व्यापार समझौता नहीं है, बल्कि साझा समृद्धि का एक ब्लूप्रिंट है.”
