किसानों की मदद करेगा IMD का ‘संकल्प’, घर बैठे मिलेगी मौसम की सटीक जानकारी

खेती-बाड़ी में मौसम का बहुत बड़ा रोल होता है. कभी अचानक बारिश, कभी सूखा, तो कभी तेज हवाएं या ओले…मौसम की मार से किसानों की फसलें बर्बाद हो जाती हैं और लाखों-करोड़ों का नुकसान होता है. खाद, कीटनाशक, बीज डालने के बाद अगर मौसम साथ न दे तो सारी मेहनत पर पानी फिर जाता है. लेकिन भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) का SANKALP प्लेटफॉर्म किसानों के लिए मददगार साबित हो सकता है.

संकल्प प्लेटफॉर्म कैसे काम करता है?

घर बैठे मौसम की पूरी जानकारी: प्लेटफॉर्म पर ब्लॉक स्तर (यानी गांव के आसपास) की सटीक जानकारी मिलती है. इसमें बारिश, अधिकतम-न्यूनतम तापमान, हवा की गति, नमी आदि सब दिखता है.

पिछला, वर्तमान और आने वाला मौसम: पिछला डेटा, आज का मौसम और अगले कुछ दिनों का पूर्वानुमान, सब एक जगह उपलब्ध है.

फसल के हिसाब से सलाह: सिर्फ मौसम बताना काफी नहीं. संकल्प प्लेटफॉर्म फसल केंद्रित सलाह देता है. जैसे – आज बारिश आने वाली है तो खाद-कीटनाशक कब डालें? सिंचाई कब करें? फसल काटने का सही समय क्या है? ये सब बताता है.

अलर्ट और चेतावनी: अगर मौसम खराब होने वाला है (जैसे तेज बारिश, ओले या सूखा), तो पहले से अलर्ट मिलता है. इससे किसान समय रहते तैयारी कर सकता है और नुकसान कम हो सकता है.

कैसे इस्तेमाल करें संकल्प प्लेटफॉर्म?

अपने मोबाइल या कंप्यूटर पर ब्राउजर खोलें और वेबसाइट mausamsankalp.imd.gov.in पर जाएं.
वहां रजिस्टर करें (किसान रजिस्ट्रेशन हिंदी, अंग्रेजी और अन्य भाषाओं में उपलब्ध है).
अपना ब्लॉक या लोकेशन चुनें, फसल बताएं और मौसम की जानकारी देखें.

नुकसान कम होगा: मौसम की मार से पहले बचाव संभव होगा.
लागत बचेगी: बेकार में खाद, दवा या पानी की बर्बादी रुकेगी.
उत्पादन बढ़ेगा: सही समय पर सही काम करने से फसल अच्छी होगी.
मुनाफा ज्यादा होगा: कम खर्च और ज्यादा पैदावार से कमाई बढ़ेगी.
मौसम पर निर्भरता कम होगी: किसान पहले से प्लान कर पाएंगे.

IMD ने 151वें स्थापना दिवस (जनवरी 2026) पर KALP और SANKALP जैसे नए प्लेटफॉर्म लॉन्च किए हैं. KALP लोकेशन स्पेसिफिक (गांव या ब्लॉक स्तर) सलाह देता है, जबकि SANKALP ज्यादा एडवांस्ड एनालिटिक्स और डिसीजन सपोर्ट देता है. दोनों मिलकर किसानों को क्लाइमेट रेसिलिएंट (मौसम के बदलाव सहने वाली) खेती करने में मदद कर सकते हैं.