भारत की टी-20 में सबसे बड़ी हार, टीम ने अपना दूसरा लोएस्ट स्कोर भी बनाया

इंग्लैंड ने तीसरे टी-20 मैच में भारत को 125 रन से हरा दिया। यह टी-20 में भारत की सबसे बड़ी हार है। टीम 76 रनों पर ऑलआउट हुई। इस फॉर्मेट में भारत का यह दूसरा लोएस्ट टोटल है। नॉटिंघम के ट्रेंट ब्रिज पर हुए मुकाबले को देखने के लिए बर्थडे बॉय एमएस धोनी भी स्टेडियम पहुंचे। वहीं वैभव सूर्यवंशी लगातार दूसरे मैच में फ्लॉप रहे। उन्हें जोफ्रा आर्चर ने 13 रन पर आउट किया।

भारतीय को रनों के लिहाज से अपनी सबसे बड़ी हार झेलनी पड़ी। ट्रेंट ब्रिज में भारत 125 रन से हार गई। टीम को रनों के लिहाज से 2019 में सबसे बड़ी हार मिली थी। तब न्यूजीलैंड ने वेलिंगटन में भारत को 80 रनों से हराया था।

भारतीय टीम अपने दूसरे सबसे कम स्कोर पर ऑलआउट हुई। भारतीय टीम 76 रन बनाकर ऑलआउट हुई। यह टी-20 में भारत का दूसरा सबसे कम स्कोर है। टीम का टी-20 में सबसे लोएस्ट स्कोर 74 रन है। यह उन्होंने 2008 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न में बनाया था।

भारत के लिए यह लगातार पांचवा मैच है, जब उसे जीत नहीं मिली। यह बिना जीते टीम के लिए सबसे बड़ी स्ट्रीक है। इससे पहले टीम का खराब सिलसिला 4 मैचों का था।

इंग्लैंड ने भारत के खिलाफ चौथी बार 200+ का स्कोर बनाया है। इंग्लैंड ने ट्रेंट ब्रिज के मैदान पर 7 विकेट पर 201 रन बनाए। यह भारत के खिलाफ उसका तीसरा सबसे बड़ा स्कोर भी है। उन्होंने इसी साल मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में भारत के खिलाफ सबसे बड़ा स्कोर बनाया था। उन्होंने 20 ओवर में 7 विकेट पर 246 रन बनाए थे।

श्रेयस अय्यर ने लगातार पांचवा टॉस जीता। वे टी-20 में सबसे ज्यादा टॉस जीतने वाले भारतीय कप्तानों में रोहित की बराबरी की। भारत के लिए टी-20 में लगातार सबसे ज्यादा टॉस जीतने का रिकॉर्ड धोनी के नाम है। उन्होंने 2010 से 2012 के बीच लगातार 7 टॉस जीते थे।