नेपाल बाढ़ आपदा में छत्तीसगढ़ के 2 लोग लापता, 7 लोगों से हुआ संपर्क

नेपाल में बाढ़ और भूस्खलन से गंभीर हालात बने हुए हैं. इस त्रासदी में अब तक जान गंवाने वाले लोगों का आंकड़ा 587 तक पहुंच चुका है. इस आपदा में कुल 1500 से अधिक लोग लापता हैं. भारत के 290 नागरिकों से कोई संपर्क नहीं हो सका है. लापता लोगों को लेकर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है. इस गंभीर हालात में छत्तीसगढ़ के 7 लोगों की जानकारी मिली है. जबकि दो लोग लापता हैं.

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर राज्य सरकार नेपाल में मौजूद छत्तीसगढ़ के नागरिकों की लगातार जानकारी जुटा रही है. अब तक सामने आई जानकारी के मुताबिक प्रदेश से जुड़े 9 नागरिकों की स्थिति का पता चला है. इनमें 2 के परिजनों से संपर्क स्थापित हो चुका है, रायपुर के 5 नागरिक सुरक्षित हैं और वापस लौटने के लिए रवाना हो चुके हैं, जबकि बिलासपुर और सुरगुजा से जुड़े 2 नागरिकों के लापता होने की सूचना है.

रायपुर के महादेव घाट निवासी मोनिका यादव 22 अगस्त को नेपाल गई थीं. नेपाल में बाढ़ के बाद उनके लापता होने और संपर्क टूटने की सूचना सामने आई थी. प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार मोनिका यादव के परिजनों से संपर्क स्थापित हो गया है. उनकी स्थिति को लेकर संबंधित स्तर पर जानकारी जुटाई जा रही है. बिलासपुर की 65 वर्षीय मंजू राय चौधरी कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए नेपाल गई थीं. उनसे भी संपर्क हो गया है.

बिलासपुर निवासी 39 वर्षीय प्रियंका चौधरी के नेपाल में लापता होने की सूचना है. वे फिनलैंड की नागरिक हैं. उनके परिजनों से प्राप्त जानकारी के आधार पर प्रशासन संबंधित एजेंसियों के संपर्क में है और उनकी सुरक्षित तलाश के प्रयास जारी है. सुरगुजा निवासी डॉ. मीना गुप्ता, जो यूनाइटेड किंगडम की नागरिक हैं, भी नेपाल में लापता हैं. उनका अंतिम ज्ञात स्थान रसुवागढ़ी इमिग्रेशन कार्यालय, नेपाल-चीन सीमा बताया गया है. इन दोनों की स्थिति का पता लगाने में छत्तीसगढ़ सरकार जुटी हुई है.

रायपुर के पांच नागरिकों के सुरक्षित होने की जानकारी मिली है. इसमें माना क्षेत्र के दिनेश ओझा, प्रेम सिंह जगत, नारायण सेन, यतेंद्र प्रकाशी और दिनेश सिंह ठाकुर के सुरक्षित होने की पुष्टि हुई है. पांचों नागरिक 21 अगस्त को नेपाल गए थे और अब रायपुर लौटने के लिए रवाना हो चुके हैं.

नेपाल के बाढ़ और आपदा को लेकर छत्तीसगढ़ के नागरिक की सरकार जानकारी जुटा रही है. इसके साथ ही उनके परिजनों को भी अहम सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है. सरकार नेपाल प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियों के साथ भी समन्वय बनाए हुए है.राज्य सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि नेपाल गए छत्तीसगढ़ के किसी नागरिक के संबंध में कोई जानकारी मिलने पर तत्काल प्रशासन को सूचित करें. इसके लिए टोल फ्री नंबर 1070 और कंट्रोल रूम नंबर 07712223471 जारी किया गया है.