Breaking : कांकेर में टॉप-लीडर राजू समेत 100 नक्सलियों का सरेंडर, बस से BSF कैंप लाए गए
छत्तीसगढ़ के उत्तर बस्तर स्थित कांकेर जिले में नक्सलवाद के खात्मे की दिशा में बड़ी सफलता मिली है। आज बुधवार को करीब 100 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया, जिनमें टॉप कमांडर राजू सलाम, प्रसाद और मीना जैसे कुख्यात माओवादी शामिल हैं। सभी नक्सलियों ने कामतेड़ा स्थित BSF कैंप में हथियार डालकर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया। आत्मसमर्पण के बाद नक्सलियों को बस के जरिए कांकेर मुख्यालय लाया गया, जहां पुलिस उनकी पहचान की पुष्टि कर रही है। जल्द ही इन्हें मीडिया के सामने पेश किया जाएगा। कांकेर में आत्मसमर्पण से पहले मंगलवार को महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में 6 करोड़ के इनामी नक्सली भूपति ने 60 साथियों के साथ मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सामने आत्मसमर्पण किया। भूपति उर्फ मोजुल्ला वेणुगोपाल राव उर्फ सोनू दादा, नक्सल संगठन की पोलित ब्यूरो मेंबर था और 1980 के दशक से माओवादी गतिविधियों में सक्रिय था।
नक्सलियों ने बताया कि वे छत्तीसगढ़ सरकार की “नक्सलवादी आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति 2025” और “नियद नेल्ला नार” योजना से प्रभावित हैं। उन्होंने कहा कि संगठन की अमानवीय विचारधारा और सुरक्षा बलों के बढ़ते दबाव ने उन्हें मुख्यधारा में लौटने को प्रेरित किया। सरकार ने घोषणा की है कि सभी आत्मसमर्पित नक्सलियों को ₹50,000 की प्रोत्साहन राशि और पुनर्वास सुविधाएं दी जाएंगी। इतनी बड़ी संख्या में नक्सलियों का आत्मसमर्पण, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र दोनों राज्यों के लिए एक सकारात्मक संकेत है।
