पीएम बोले- असम में जीत की हैट्रिक पक्की है, चाय के बागान में पत्ती तोड़ी, काम करने वाली महिलाओं के साथ सेल्फी खिंचाई

देश के 5 राज्यों पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज असम पहुंचे हैं। उन्होंने आज सुबह डिब्रूगढ़ में एक चाय बागान का दौरा किया। वहां काम करने वाली महिलाओं से बातचीत की। पीएम ने यहां चाय की पत्ती भी तोड़ी। पीएम ने महिलाओं के साथ सेल्फी भी खिंचाई।

पीएम ने कहा- असम का ये चुनाव विकसित असम से विकसित भारत बनाने का चुनाव है। इस बार बीजेपी-एनडीए की हैट्रिक लगनी तय है। कांग्रेस की पराजय की हैट्रिक होने वाली है।
असम लगातार तीसरी बार बीजेपी-एनडीए सरकार बना रहा है। कांग्रेस के सो कॉल्ड राजकुमार हैं न उनकी पराजय की सेंचुरी आने वाली है।

वहीं, तमिलनाडु के तिरुचिरापल्ली पहुंचे सीएम स्टालिन ने चुनावी सभा में कहा- भाजपा ने तमिलनाडु को कोई फंड नहीं दिया है। मैं करुणानिधि का बेटा हूं, हम वही करते हैं जो कहते हैं और वही कहते हैं जो करते हैं।

पीएम बोले असम चुनाव की घोषणा के बाद ये मेरी पहली जनसभा है। ये सामने जन समुद्र है, बहनों-बेटियों का आशीर्वाद है, युवाओं का साथ है… पूरा रोड भरा हुआ है। ये प्यार, इसकी खुली घोषणा है कि इस बार हैट्रिक पक्की है। आपके आशीर्वाद के मुझे पीएम के तौर पर हैट्रिक लगाने का मौका मिला है। इसी मैदान में तीसरी बार आया हूं। आपके आशीर्वाद से असम में बीजेपी सरकार हैट्रिक बनाने वाली है। हर कोई कह रहा है- अकोए बार..NDA सरकार…बीजेपी सरकार। मुझे बहुत खुशी है कि गुगुहाडोल में विराजमान भगवान शिव और डोनीपोलो के आशीर्वाद से चुनाव प्रचार की शुरुआत कर रहा हूं।

पीएम ने कहा- असम का ये चुनाव विकसित असम से विकसित भारत बनाने का चुनाव है। इस बार बीजेपी-एनडीए की हैट्रिक लगनी तय है। कांग्रेस की पराजय की हैट्रिक होने वाली है। असम लगातार तीसरी बार बीजेपी-एनडीए सरकार बना रहा है। कांग्रेस के सो कॉल्ड राजकुमार हैं न उनकी पराजय की सेंचुरी आने वाली है।

मोदी ने कहा- गरीबों की नई दुनिया का जन्म हुआ है। संकल्प पत्र कहता है जिनको घर नहीं मिले, उन्हें भी पक्के घर मिलेंगे। आने वाले समय में 15 लाख और परिवारों को पक्के घर की गारंटी पक्की है। गरीब परिवारों के बच्चों को केजी से पीजी से मुफ्त शिक्षा की घोषणा प्रशंनीय है। असम की बहन बेटियों के लिए डबल इंजन सरकार का डबल बेनिफिट और भी आकर्षक होता जा रहा है। लखपति दीदी अभियान से असम की बहनों को बहुत लाभ हुआ है। असम की करीब 3 लाख बहनें लखपति बाइदो बन चुकी हैं।