बांग्लादेश की पूर्व PM शेख हसीना और उनके परिवार का वोटर कार्ड ब्लॉक, नहीं डाल पाएंगे वोट

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना और उनके परिवार के कई सदस्य अगले साल होने वाले चुनाव में वोट नहीं डाल सकेंगे. उनके राष्ट्रीय पहचान पत्र (NID) कार्ड को ही ब्लॉक कर दिया गया है. स्थानीय मीडिया ने यह जानकारी दी. बांग्लादेश निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ सचिव अख्तर अहमद ने बुधवार, 17 सितंबर को पत्रकारों से कहा कि जिन लोगों का NID ब्लॉक है, वे विदेश से वोट नहीं डाल सकेंगे. उन्होंने बताया कि जिन लोगों ने मुकदमों या अन्य कारणों से देश छोड़ा है, वे वोट डाल सकते हैं, बशर्ते उनका NID ब्लॉक न हो.

उन्होंने कहा कि विदेश से वोट देने के लिए NID नंबर के साथ ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करना होगा. पासपोर्ट से यह काम नहीं होगा. अगर किसी का NID ब्लॉक है, तो वे रजिस्टर नहीं कर सकते और वोट नहीं डाल पाएंगे. केवल NID के साथ रजिस्टर करने वालों को ही यह मौका मिलेगा. जब उनसे पूछा गया कि क्या शेख हसीना वोट दे पाएंगी, तो उन्होंने कहा, “वह वोट नहीं दे पाएंगी, क्योंकि उनका NID ब्लॉक कर दिया गया है.” राष्ट्रीय पहचान पंजीकरण विंग ने अपने जनरल डायरेक्टर, एएसएम हुमायूं कबीर के मौखिक निर्देश के बाद हसीना और उनके परिवार के नौ सदस्यों की एनआईडी को ‘लॉक’ कर दिया था. परिवार के सदस्यों में शेख रेहाना सिद्दीकी, सजीब वाजेद जॉय, साइमा वाजेद, शाहनाज सिद्दीकी, बुशरा सिद्दीकी, ट्यूलिप रिजवाना सिद्दीकी, अजमीरा सिद्दीकी, राडवान मुजीब सिद्दीकी और तारिक अहमद सिद्दीकी शामिल हैं. जुलाई की शुरुआत में चुनाव आयोग ने देश में पार्टी के दशकों पुराने राजनीतिक अस्तित्व को समाप्त करने के प्रयास में हसीना की अवामी लीग पार्टी के चुनाव चिन्ह को अपनी वेबसाइट से हटा दिया था.

12 मई को मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार ने एक राजपत्र अधिसूचना जारी कर अवामी लीग और उसके सहयोगी संगठनों की सभी गतिविधियों पर प्रतिबंध लगा दिया था. यह प्रतिबंध ‘आतंकवाद विरोधी अधिनियम’ के तहत तब तक लगाया गया है जब तक कि बांग्लादेश के अंतर्राष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (आईसीटी) में पार्टी और उसके नेताओं के खिलाफ मुकदमा पूरा नहीं हो जाता.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *