14 पैसे की मजबूती के साथ 93.04 पर बंद, RBI के कड़े कदमों का दिखने लगा असर

विदेशी बाजारों में जारी उठापटक के बावजूद भारतीय रुपया सोमवार को संभलता नजर आया. अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 14 पैसे चढ़कर 93.04 (अस्थायी) के स्तर पर बंद हुआ. पिछले हफ्ते आरबीआई द्वारा सट्टेबाजी रोकने के लिए उठाए गए कदमों ने घरेलू मुद्रा को सहारा दिया है. पिछले कुछ दिनों से रुपया लगातार गिर रहा था, जिसे देखते हुए रिजर्व बैंक ने मुद्रा बाजार में सट्टेबाजी पर लगाम कस दी है. इसका असर यह हुआ कि पिछले गुरुवार को रुपये में बड़ी मजबूती आई थी और सोमवार को भी यह बढ़त बरकरार रही.

सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त खरीदारी दिखी. सेंसेक्स 74,106 और निफ्टी 22,968 के स्तर पर बंद हुए. बाजार में छाई इस हरियाली ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया, जिसका सकारात्मक असर रुपये की वैल्यू पर भी पड़ा.

फिलहाल ब्रेंट क्रूड $107.29 प्रति बैरल के आसपास है. पूरी दुनिया की नजरें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर टिकी हैं, जिन्होंने ‘होर्मुज जलडमरूमध्य’को दोबारा खोलने के लिए समय सीमा तय की है. अगर यह रास्ता खुलता है, तो तेल की कीमतें नीचे आ सकती हैं, जिससे रुपये को और मजबूती मिलेगी.

भले ही रुपया सुधरा है, लेकिन चुनौती अभी खत्म नहीं हुई है. विदेशी संस्थागत निवेशक (FIIs) लगातार भारतीय बाजार से पैसा निकाल रहे हैं. पिछले गुरुवार को ही उन्होंने करीब 9,931 करोड़ रुपये के शेयर बेचे थे.