राजस्थान के बाड़मेर में तापमान 48°C पार, MP-हरियाणा में ओले, यूपी के बरेली में गाड़ियों पर पेड़-खंभे गिरे
राजस्थान में मंगलवार को रिकॉर्ड गर्मी रही। पांच जिलों में 45°C से ज्यादा तापमान दर्ज किया गया। बाड़मेर लगातार तीसरे दिन देश का सबसे गर्म शहर रहा, यहां पारा 48.3°C रहा। फलोदी में 46.4°C, जैसलमेर में 45.8°C, चित्तौड़गढ़ में 45.6°C और बीकानेर में 45°C तापमान रहा। मध्य प्रदेश में दो तरह का मौसम देखने को मिला। एक तरफ रतलाम लगातार तीसरे दिन राज्य का सबसे गर्म शहर रहा, यहां पारा 46.5°C रहा। वहीं, निवाड़ी जिले के बीजौर में तेज आंधी और बारिश के साथ ओले गिरे। हरियाणा के पिनगवा में भी ओले गिरे। पंचकूला, यमुनानगर, करनाल और गुरुग्राम में तेज बारिश हुई। उत्तर प्रदेश के बरेली और रामपुर में 50kmph की रफ्तार से धूलभरी आंधी चली। इससे सड़क किनारे लगे खंभे उखड़ गए। चलती गाड़ियों पर पेड़ की टहनियां टूटकर गिर गईं। बिहार के जमुई और बांका में बिजली गिरने से एक बच्चा समेत 5 लोगों की मौत हो गई। महाराष्ट्र के सांगली में तेज आंधी के कारण एक मंदिर की दीवार गिरने से 6 लोगों की मौत हो गई। वहीं, केरल के मलप्पुरम में बिजली गिरने से चार लोगों की मौत हो गई।
14 मई:
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान और पश्चिमी यूपी में बारिश, गरज-चमक और 30-60kmph की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड में बारिश के साथ ओले गिर सकते है। पहाड़ी इलाकों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़ और पूर्वोत्तर राज्यों में बारिश के साथ बिजली गिरने का अलर्ट है।
15 मई:
राजस्थान में भीषण लू चलेगी। कुछ जगहों पर रात में भी लू जैसे हालात रहने की आशंका है। महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी लू चलने का अनुमान है।
झारखंड में कुछ जगहों पर 50-60kmph की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ आंधी चल सकती है।
बिहार, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, केरल और कर्नाटक में तेज हवाओं और बिजली के साथ गरज-चमक हो सकती है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, इस हफ्ते के आखिर तक दक्षिण-पश्चिम मानसून दक्षिण बंगाल की खाड़ी, अंडमान सागर और अंडमान-निकोबार द्वीपसमूह तक पहुंच सकता है। दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र अभी उसी इलाके में सक्रिय है। इसके साथ जुड़ा चक्रवाती घेरा समुद्र तल से करीब 4.5 किलोमीटर ऊपर तक फैला हुआ है। विभाग ने कहा कि अगले 48 घंटों में यह सिस्टम और मजबूत हो सकता है। आमतौर पर मानसून 20 मई के आसपास अंडमान-निकोबार पहुंचता है। मानसून 1 जून को केरल में दस्तक देता है। इसके साथ ही देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून सीजन की शुरुआत मानी जाती है, जो सितंबर तक चलता है।
