“खैरागढ़-छुईखदान-गंडई’ जिले का खाका तैयार

क्षेत्रीय

मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद प्रशासन ने प्रस्तावित “खैरागढ़-छुईखदान-गंडई’ जिले का खाका तैयार कर दिया है। राजनांदगांव जिले का बंटवारा कर नया जिला बनाने का प्रस्ताव और नक्शा अब विधि विभाग के पास है। यहां से मंजूरी मिलते ही असाधारण राजपत्र में जिला गठन की अधिसूचना का प्रारंभिक प्रकाशन कर दिया जाएगा।

नये जिले के गठन के लिए रविवार को भी मुख्य सचिव और राजस्व विभाग का दफ्तर खुला। मुख्य सचिव कार्यालय के अफसरों ने नये जिले के गठन की प्रशासकीय स्वीकृति जारी कराई। इस आदेश के राजस्व विभाग में पहुंचते ही पहले से बन चुके ड्राफ्ट को आधिकारिक स्वरूप देने का काम शुरू हुआ। दिन भर काम करने के बाद राजस्व विभाग की टीम ने प्रस्तावित नये जिले के आकार पर अंतिम स्वरूप दिया। उसकी सीमाएं तय की। गांव और नगरीय निकायों को चिन्हित किया। पूरी तरह तैयार ड्राफ्ट को विधि विभाग के पास भेज दिया गया। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव नीलम नामदेव एक्का ने बताया, ड्राफ्ट को विधि विभाग में परीक्षण के लिए भेजा गया है। वहां से अनुमति मिलने के बाद उसे प्रारंभिक प्रकाशन के लिए भेजा जाएगा। इस प्रकाशन के साथ दावा-आपत्ति का मौका दिया जाएगा। इसके लिए 60 दिनों का समय निर्धारित किया गया है। दावा-आपत्तियों के निपटारे के बाद अधिसूचना का अंतिम प्रकाशन होगा। उस दिन से नया जिला अस्तित्व में आ जाएगा।

तीन हिस्सों में बंट जाएगा राजनांदगांव जिला

खैरागढ़-छुईखदान-गंडई के नया जिला बनने से पुराना राजनांदगांव जिला तीन हिस्सों में बंट जाएगा। इसी जिले में एक नया जिला मोहला-मानपुर-चौकी भी प्रस्तावित है। बताया जा रहा है, अभी राजनांदगांव जिले का क्षेत्र 8 हजार 70 वर्ग किलोमीटर है। प्रस्तावित मोहला-मानपुर-चौकी जिले में अम्बागढ़ चौकी, मोहला और मानपुर तहसीलें चली जाएंगी। वहीं खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में खैरागढ़ और छुईखदान तहसीलों के साथ डोंगरगढ़ तहसील का भी कुछ हिस्सा शामिल हो सकता है। मूल राजनांदगांव जिले में चार तहसीलें राजनांदगांव, डोंगरगढ़, डोंगरगांव और छुरिया शामिल रहेंगी।

मुख्यमंत्री ने शनिवार रात ही कर दी है घोषणा

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार रात 9 बजे के करीब “खैरागढ़-छुईखदान-गंडई’ को नया जिला बनाने की आधिकारिक घोषणा कर दी। यह घोषणा मुख्यमंत्री निवास में हुई, जहां कांग्रेस की नव निर्वाचित विधायक यशोदा वर्मा CM से मिलने पहुंची थीं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने साल्हेवारा को पूर्ण तहसील और जालबांधा को उप तहसील बनाने का भी किया ऐलान किया था।

कांग्रेस का चुनावी वादा था यह नया जिला

खैरागढ़ विधानसभा उप चुनाव के दौरान कांग्रेस ने बकायदा घोषणापत्र जारी कर नये जिले का वादा किया था। कहा गया था, कांग्रेस विधायक चुने जाने के 24 घंटे के भीतर जिला बनाया जाएगा। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रमाणपत्र मिलने के तीन घंटे के भीतर यह चुनावी वादा पूरा कर दिया। कांग्रेस सरकार अपने तीन साल के कार्यकाल में छह नए जिले बना चुकी है। इसमें एक गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही पूरी तरह अस्तित्व में आ चुका है, शेष पांच गठित होने की प्रक्रिया में हैं।