छत्तीसगढ़ में परिवहन आरक्षक भर्ती का अगला चरण शुरू, 50 पदों के लिए 250 अभ्यर्थी चयनित

छत्तीसगढ़ परिवहन विभाग में परिवहन आरक्षकों के 50 पदों पर चल रही भर्ती प्रक्रिया अब अगले चरण में पहुंच गई है। लिखित परीक्षा के परिणाम के आधार पर कुल 250 अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए चिन्हित किया गया है। इन अभ्यर्थियों का अब शारीरिक मापदंड परीक्षण और दस्तावेज सत्यापन किया जाएगा। राज्य सरकार की ओर से युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। परिवहन मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन में विभाग ने भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ आवश्यक कार्रवाई की है।

परिवहन विभाग ने परिवहन आरक्षक के 50 पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था। इसके लिए लिखित परीक्षा 19 अप्रैल 2026 को आयोजित की गई थी। व्यापमं से प्राप्त लिखित परीक्षा के परिणाम, प्राप्तांकों और अभ्यर्थियों की पात्रता के आधार पर 250 अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए चयनित किया गया है। इस तरह 50 पदों के मुकाबले अगले चरण में पांच गुना अभ्यर्थियों को मौका दिया गया है।

लिखित परीक्षा के बाद चयनित अभ्यर्थियों को अब भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण से गुजरना होगा। चिन्हित अभ्यर्थियों का शारीरिक मापदंड परीक्षण (Physical Measurement Test) किया जाएगा। इसके साथ ही उनके दस्तावेजों का सत्यापन भी किया जाएगा। अंतिम चयन भर्ती प्रक्रिया में निर्धारित सभी मापदंडों को पूरा करने वाले अभ्यर्थियों के आधार पर किया जाएगा।

परिवहन विभाग ने चिन्हित अभ्यर्थियों की सूची और बुलावा पत्र जारी कर दिए हैं। अभ्यर्थी इन्हें परिवहन विभाग की वेबसाइट cgtransport.gov.in पर देख सकते हैं। इसके अलावा कार्यालय परिवहन आयुक्त के सूचना पटल पर भी संबंधित जानकारी उपलब्ध कराई गई है। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे आगे की प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेजों से संबंधित जानकारी समय पर प्राप्त कर लें।

अपर परिवहन आयुक्त डी. रविशंकर ने बताया कि लिखित परीक्षा के परिणाम प्राप्त होने के बाद प्राप्तांकों और पात्रता के आधार पर 250 अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए चिन्हित किया गया है। विभाग की ओर से भर्ती प्रक्रिया को निर्धारित नियमों के अनुसार आगे बढ़ाया जा रहा है। राज्य सरकार का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखते हुए युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।