अरुणाचल प्रदेश में सुबह-सुबह महसूस हुए झटके, रिएक्टर स्केल पर 5.3 मापी गई तीव्रता

राष्ट्रीय

अरुणाचल प्रदेश में शुक्रवार को सुबह-सुबह लोगों को भूकंप के झटके महसूस हुए। इससे लोगों में अफरा-तफरी मच गई और सभी घर से बाहर निकल आए। हालांकि, कुछ देर बाद झटके बंद हो गए। वैज्ञानिकों के मुताबिक, यहां रिएक्टर स्केल पर 5.3 तीव्रता वाला भूकंप आया। नेशनल सेंटर फॉर सीम्सोलॉजी के मुताबिक, भूकंप का केंद्र उत्तर में पांगिन में था। प्रशासन के मुताबिक, अभी तक भूकंप के कारण जान-माल के नुकसान की सूचना सामने नहीं आई है।

केंद्र शासित प्रदेश अंडमान और निकोबार द्वीप में पिछले सप्ताह रविवार शाम भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। 70 किमी दूर ईएनई कैंपबेल में इसके झटके महसूस किए गए। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (एनसीएस) के मुताबिक, रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.6 रही थी।

वहीं, गुजरात के कच्छ जिले में भी पिछले सप्ताह 3.2 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। गांधीनगर स्थित भूकंपीय अनुसंधान संस्थान (आईएसआर) ने बताया था कि, यहां भूकंप के झटके रात 12.49 बजे महसूस किए गए और इसका केंद्र कच्छ में रापड़ से एक किलोमीटर दूर पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम में 12.2 किलोमीटर की गहराई में था।

आईएसआर के आंकड़ों के अनुसार, यह पिछले एक महीने में जिले में आया 3.0 या उससे अधिक तीव्रता का पांचवा भूकंप है। इससे पहले आए भूकंपों का केंद्र जिले के रापर, दुधाई और लखपत शहरों के समीप था। कच्छ जिला भूकंप के लिहाज से बहुत संवेदनशील है और वहां अक्सर कम तीव्रता के भूकंप के आते रहते हैं। जिले में 26 जनवरी 2001 को आए जबरदस्त भूकंप में 13,800 लोगों की मौत हो गई थी और करीब 1.67 लाख अन्य घायल हो गए थे।

 

केंद्रीय मंत्री ने माना- कई राज्यों में कोयले की कमी, भीषण गर्मी के बीच इन राज्यों में हो सकता है बिजली संकट