ट्रम्प बोले- फ्लाईदुबई को-पायलट का ईरान कनेक्शन हो सकता है: ऐसा हुआ तो कड़ी कार्रवाई होगी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि इजराइल जा रहे फ्लाईदुबई विमान के को-पायलट का ईरान से संबंध हो सकता है। ट्रम्प ने कहा कि अगर हमले के पीछे ईरान की भूमिका सामने आती है तो तेहरान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं सऊदी अरब ने बताया कि विमान में भारतीय पायलट पर हमले के आरोपी को-पायलट को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) को सौंप दिया गया है। मामले की जांच में इजराइल, UAE, अमेरिका, ओमान और सऊदी अरब की एजेंसियां जुटी हैं।

दरअसल, 29 सितंबर को फ्लाईदुबई की फ्लाइट में को-पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर पर चाकू से हमला कर दिया था। इसके बाद विमान तेजी से नीचे गिरने लगा। घायल कैप्टन ने कॉकपिट का दरवाजा खोला, जिसके बाद यात्रियों ने अंदर पहुंचकर को-पायलट को पकड़ा। इसके बाद विमान को सऊदी अरब के तबुक में सुरक्षित उतारा गया।

फ्लाईदुबई का विमान संयुक्त अरब अमीरात से तेल अवीव जा रहा था। इसमें 174 लोग सवार थे, जिनमें ज्यादातर इजरायली यात्री थे।

विमान में भारत और UAE के नागरिक भी मौजूद थे। अमेरिकी विदेश विभाग के मुताबिक, चार यात्री अमेरिकी नागरिक थे। उड़ान के करीब ढाई घंटे बाद को-पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर पर हमला किया। पहले हाथापाई हुई। इसके बाद आरोपी ने चाकू से हमला किया।

इस दौरान विमान अचानक तेजी से नीचे जाने लगा। फ्लाइटरडार24 के अनुसार, विमान करीब एक मिनट में 33,000 फीट से 17,000 फीट तक नीचे आ गया।

हालांकि, कैप्टन ने घायल होने के बावजूद कॉकपिट का दरवाजा खोला। इसके बाद कुछ यात्रियों ने को-पायलट को काबू करने में मदद की। इस दौरान विमान का रडर भी क्षतिग्रस्त हो गया था।

फ्लाइटरडार24 के मुताबिक, विमान के कॉकपिट से दो चार अंकों वाले कोड भेजे गए थे। पहला 7700 था, जो सामान्य आपात स्थिति का संकेत देता है।

इसके बाद 7500 कोड भेजा गया, जिसका इस्तेमाल विमान में गैरकानूनी हस्तक्षेप या संभावित हाईजैकिंग की स्थिति में किया जाता है।

यात्रियों ने बताया- बेहद डरावना था पल

हमले के दौरान कॉकपिट में पहुंचे यात्रियों में शामिल असफ राजुआन ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा था कि किसकी मदद लें। उन्होंने बताया कि उस समय हर कोई सिर्फ अपनी जान बचाने की कोशिश कर रहा था।

क्रू के सदस्यों ने विमान को संभाला और आखिरकार इसे सऊदी अरब के तबुक में सुरक्षित उतारा गया। विमान बोइंग 737 मैक्स 8 था।

जांच से जुड़े एक अधिकारी के मुताबिक, संदिग्ध ओमान का नागरिक है। उसका नाम अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि उसने कैप्टन पर हमला क्यों किया। आतंकवाद समेत सभी संभावित कारणों की जांच की जा रही है।

इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने दावा किया कि हमलावर को इस्लामिस्ट विचारधारा से प्रभावित किया गया था।

हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि उसे किसने कट्टरपंथी बनाया। ईरान की भूमिका के बारे में पूछे जाने पर नेतन्याहू ने कहा कि अभी इस बारे में कुछ कहना जल्दबाजी होगी।

नेतन्याहू ने यह भी कहा कि आरोपी इजरायल जाने वाले पायलटों पर लागू नियमों में मौजूद एक खामी का फायदा उठाकर फ्लाइट में शामिल हुआ। ओमान और इजरायल के बीच आधिकारिक राजनयिक संबंध नहीं हैं।