सब्जी बेचने वाला बना करोडपति, हैरान कर देगी बिहार के सबसे बड़े शराब तस्कर का कहानी

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बस कुछ वक्त पहले तक वो सब्जियां बेचा करता था. फिर बिहार में शराब बंदी हो गई तो वो सब्जियों के साथ-साथ शराब बेचने लगा. वो पश्चिम बंगाल से शराब की खेप बिहार भेजता था. इसी दौरान उसे हवाई जहाज में सफर करने का मौका मिला. उस फ्लाईट में उसकी मुलाकात एक एयर होस्टेस से हुई. उस एयर होस्टेस पर उसका दिल आ गया. जिसकी वजह से उसने पूरे एक साल तक सिलिगुडी से दिल्ली तक बिजनेस क्लास में सफर किया. आइये अब आपको आगे बताते हैं कि इस प्रेम कहानी का कलाईमेक्स क्या हुआ.

बिहार के सबसे बड़े शराब तस्करों में से एक समर घोष अब सलाखों के पीछे जा चुका है. वैसे तो शक्ल सूरत से समर घोष किसी भी दूसरे मुल्ज़िम से ज़रा भी अलग नहीं है. वो भी पुलिस हिरासत में आने के बाद सख्ती के डर से खुद अपने जुर्म का हिसाब किताब देने लगा. लेकिन इसी समर घोष की ज़िंदगी का एक पहलू ऐसा भी है, जिससे सुनने के बाद खुद उसे पकड़नेवाली पुलिस भी हैरान है.

महज़ 12वीं तक की पढ़ाई करनेवाला समर घोष कभी सब्ज़ी बेचा करता था. लेकिन देखते ही देखते उसने नाजायज़ शराब के धंधे में अपने पैर कुछ ऐसे जमाए कि रातों-रात करोड़ों में खेलने लगा. और हद तो तब हो गई जब करोड़पति बनने के बाद एक एयरहोस्टेस को दिल दे बैठा और अपनी इस माशूक़ा के दिल में जगह बनाने के लिए महज़ एक साल के अंदर उसने बिज़नेस क्लास में 50 से ज़्यादा बार सफ़र कर डाला. जी हां, ये बात सुनने में भी अजीब लगेगी कि जो शख़्स कल तक सड़क के किनारे सब्ज़ी बेचा करता था, वो आज ना सिर्फ फ़्लाइट के बिज़नेस क्लास में सफ़र कर रहा था, बल्कि एक बार नहीं बार-बार कर रहा था.

बिहार पुलिस की मद्य निषेध इकाई ने समर घोष को 6 जनवरी को गिरफ्तार किया था. पश्चिम बंगाल के उत्तर दिनाजपुर ज़िले के रहनवाले इस शराब तस्कर के बारे में बिहार पुलिस को लगातार खबरें मिल रही थीं. पूर्णिया समेत दूसरे ज़िलों में उसके भेजे गए नाजायज़ शराब से लदे ट्रक कई बार पकड़े गए. इस सिलसिले में कई बार एफआईआर भी दर्ज की गई. लेकिन पुलिस के हाथ समर तक नहीं पहुंच सके. लेकिन इस बार उसकी किस्मत दग़ा दे गई इस बार वो एक खुफ़िया ठिकाने पर अपने कुछ दोस्तों के साथ पार्टी कर रहा था, लेकिन इसी बीच पुलिस दबिश डाल कर उसे गिरफ्तार कर लिया.

ये तो रही समर के गिरफ्तारी की कहानी. लेकिन उसकी लव स्टोरी अपने-आप में किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है. सूत्रों की मानें तो एयरहोस्टेस को दिल दे बैठने के बाद उसने सिलिगुड़ी के बागडोरगा से दिल्ली तक पिछले एक साल में 50 बार बिज़नेस क्लास में सफ़र किया, ताकि वो उस एयरहोस्टेस से मेल मुलाकात बढ़ा सके, जिससे वो प्यार करता था.

खबरों की मानें तो वो अपने इस इरादे में कामयाब भी रहा और आख़िरकार यूपी के बुलंदशहर की रहनेवाली इस एयरहोस्टेस ने उससे शादी भी कर ली. जबकि हक़ीकत यही है कि नाजायज़ शराब के कारोबार में कूदने से पहले वो एक मामूली लड़का था. यहां तक कि उसके पिता भी बंगाल के इस्लामपुर में जल संसाधन विभाग में क्लास फोर इंप्लाइ थे और घरवालों की मदद के लिए वो खुद सब्जी बेचा करता था. लेकिन उसने शराब की तस्करी का काम क्या चालू किया, रातों-रात उस पर मानों रुपयों की बारिश होने लगी.

दरअसल, बिहार में पहले से ही शराबबंदी का क़ानून लागू है, यहां तो किसी भी तरह के शराब पीने-पिलाने पर ही रोक है. ऊपर से समर घोष बिहार में ना सिर्फ़ शराब की तस्करी कर रहा था, बल्कि वो भी नकली शराब की कर रहा था. और इसी वजह से वो लंबे वक़्त से पुलिस की रडार पर था. आख़िरकार पटना की मद्य निषेध इकाई और पूर्णिया पुलिस के ज्वाइंट ऑपरेशन में उसे गिरफ्तार कर लिया गया.

बिहार में अप्रैल 2016 से पूर्ण शराबबंदी क़ानून लागू है. इसके बावजूद यहां चोरी-छिपे शराब का कारोबार जारी है. बल्कि अब इसी पाबंदी का फ़ायदा उठा कर समर घोष जैसे धंधेबाज़ नकली शराब का कारोबार करने लगे हैं. नालंदा में हाल में ज़हरीली शराब से हुई 13 लोगों की मौत इस बात का सबूत है.

बिहार में फिलहाल 30 से 40 फीसदी केस तो शराब पीने वालों के खिलाफ ही दर्ज हैं. ऐसे में शराब तस्करी से जुड़े हुए मामलों की सुनवाई की रफ्तार भी सुस्त पड़ी है. लिहाज़ा, बड़े शराब माफियाओं और तस्करों के मामले भी सालों से अदालत में अटके पड़े हैं. कुछ इन्हीं वजहों से अब बिहार सरकार अपने कानून में संशोधन की तैयारी कर रही है. समझा जाता है कि इसके बाद शराब पीने के जुर्म में पकड़े जानेवाले लोगों को जेल भेजने की जगह उन्हें सिर्फ जुर्माना वसूल कर ही छोड़ दिया जाएगा. जुर्माना नहीं देने वालों को ही जेल जाना होगा.