दिल्ली में मेट्रो स्टेशन में पानी घुसा, सड़कें डूबीं, गुजरात में टाटा फैक्ट्री बंद
दिल्ली में मंगलवार को 50 मिमी से ज्यादा बारिश हुई। मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक 4 मानसूनी सिस्टम ने ये बारिश कराई। इसके चलते मेट्रो स्टेशन और कई सड़कों पर पानी भर गया, 36 पेड़ गिर गए। वाटरलॉगिंग की 136 शिकायतें दर्ज की गईं। वहीं, गुजरात में भारी बारिश और बाढ़ से टाटा मोटर्स के साणंद प्लांट और आसपास मौजूद कई सप्लायर की यूनिट बंद करानी पड़ीं। उधर, उत्तराखंड में लैंडस्लाइड से तीर्थयात्रा के रास्ते बंद हो गए। चारधाम यात्रा 2 दिनों के लिए रोक दी गई है। चंपावत, बागेश्वर और टिहरी में 12वीं तक के सभी स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों में छुट्टी कर दी गई है।
देश के ऊपर दो सिस्टम मौजूद हैं। बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र ओडिशा, झारखंड और छत्तीसगढ़ होते हुए आगे बढ़ रहा है। IMD ने 4-5 दिनों में उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में सामान्य से ज्यादा और पूर्वी भारत में भारी बारिश की चेतावनी दी है।
भारी बारिश और बाढ़ का असर टाटा मोटर्स पर भी पड़ा है। कंपनी के गुजरात में अहमदाबाद से 22 किमी दूर स्थित साणंद प्लांट और आसपास मौजूद कई सप्लायर की यूनिट में बाढ़ से उत्पादन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स ने बताया है कि साणंद प्लांट में बनने वाली टियागो हैचबैक, टिगोर कॉम्पैक्ट सेडॉन, नेक्सन और सिएरा एसयूवी के उत्पादन पर असर पड़ा है। प्लांट और सप्लायर इकाइयों में बहाली का काम शुरू कर दिया गया है। उम्मीद है कि अगले कुछ दिनों में हालात सामान्य हो जाएंगे।
कंपनी के मुताबिक, बाढ़ के कारण आपूर्ति पर कुछ समय के लिए असर पड़ सकता है। स्थिति जल्द सामान्य होगी। हालांकि, मारुति सुजुकी ने रुकावट की सूचना नहीं दी है। कंपनी का प्लांट साणंद से 85 किमी दूर हंसलपुर-बेचाराजी गांव में है।
