योगी की चेतावनी- बंटोगे तो सर्वनाश हो जाएगा, बांग्लादेश पर इनका मुंह बंद, जैसे फेविकोल लगा है
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हो रही हिंसा को लेकर विपक्षी दलों पर इशारों में बड़ा हमला बोला है। प्रयागराज में जगद्गुरु रामानंदाचार्य की 726वीं जयंती (प्रकट उत्सव) समारोह को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि आज हिंदू समाज को जाति, मत और संप्रदाय के नाम पर बांटने की कोशिश हो रही है। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यह विभाजन उसी तरह सर्वनाश का कारण बनेगा, जैसा आज बांग्लादेश में देखने को मिल रहा है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बांग्लादेश के अंदर हिंदुओं के साथ जो कुछ हो रहा है, उस पर तथाकथित सेक्युलरिज्म का ठेका लेकर चलने वाले लोग पूरी तरह चुप हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ऐसा लगता है जैसे किसी ने इनके मुंह पर फेविकोल लगा दिया हो या टेप चिपका दिया हो। बांग्लादेश की घटनाओं को लेकर न तो कोई कैंडल मार्च निकाला जा रहा है। न ही कोई आवाज उठाई जा रही है। यह स्थिति हम सभी के लिए एक बड़ी चेतावनी है।
सीएम योगी ने कहा कि हिंदुओं को तोड़ने और बांटने वाले लोगों को किसी भी हाल में पनपने नहीं देना चाहिए। अगर हम सब एकजुट होकर संकल्प के साथ आगे बढ़ेंगे, तो आने वाला समय सनातन धर्म का होगा। उन्होंने कहा कि वह दिन दूर नहीं जब पूरी दुनिया में सनातन धर्म का झंडा लहराएगा और तब कोई बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार करने का दुस्साहस नहीं कर पाएगा। मुख्यमंत्री ने संत समाज की एकता की सराहना करते हुए कहा कि जब संत समाज एक मंच पर आकर उद्घोष करता है, तो उसके परिणाम भी सामने आते हैं। अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर का निर्माण संतों की साधना और तपस्या का ही परिणाम है।
सीएम योगी ने कहा कि जो लोग आज हिंदू समाज को बांटने का काम कर रहे हैं, वे कभी भी समाज के हितैषी नहीं हो सकते। उन्होंने आरोप लगाया कि जब ऐसे लोग सत्ता में थे, तब उन्होंने केवल अपने परिवार का हित देखा। आज चाहे वे कितने ही नारे क्यों न दें, लेकिन मौका मिलने पर वही करेंगे जो पहले करते आए हैं। वे सनातन धर्म पर प्रहार और दंगों की आड़ में समाज को झुलसाने का काम करते रहे हैं। सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ऐसे प्रधानमंत्री हैं, जिन्होंने श्रीराम मंदिर जाकर दर्शन किए। रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह में भी भाग लिया। मंदिर निर्माण पूर्ण होने के बाद सनातन धर्म की ध्वजा पताका को विश्व पटल पर फहराया गया।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर प्रयागराज में जगद्गुरु रामानंदाचार्य का स्मारक और मंदिर बनाए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रयागराज वही पावन धरा है, जहां भक्ति शिरोमणि जगद्गुरु रामानंदाचार्य का प्राकट्य हुआ। यह वही भूमि है जहां मां गंगा, मां यमुना और मां सरस्वती की त्रिवेणी बहती है और जहां धर्म, न्याय और ज्ञान का संगम है। सीएम योगी ने कहा कि त्रिवेणी में स्नान करने से दैहिक, दैविक और भौतिक तीनों प्रकार के पापों का नाश होता है। रामानंदाचार्य ने दिव्य गुणों को आत्मसात कर महानता प्राप्त की। आज के समय में समाज को उनकी जैसी दिव्य दृष्टि की आवश्यकता है। सामान्य व्यक्ति अपने लिए जीता है, जबकि महामानव संपूर्ण जगत की जागरूकता के लिए कार्य करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रामानंदाचार्य का जन्म उस कालखंड में हुआ था, जब समाज को जाति, धर्म और संप्रदाय के नाम पर बांटा जा रहा था। उन्होंने भक्ति आंदोलन के माध्यम से समाज को एकजुट करने का कार्य किया। कार्यक्रम में रामानंदाचार्य के द्वादश शिष्यों की परंपरा से जुड़े सभी संत एक मंच पर उपस्थित रहे।
