BMC चुनाव 15 जनवरी को, भाजपा की 86 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी, ठाकरे सेना के खिलाफ उतारे तगड़े प्रत्याशी

मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव 2026 के लिए सियासी पारा चढ़ गया है। भाजपा (BJP) ने अपनी चुनावी तैयारियों को धार देते हुए 86 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में भाजपा ने पुराने दिग्गजों के साथ-साथ नए चेहरों और दल-बदल कर आए नेताओं पर बड़ा दांव खेला है। करीब एक हफ्ते तक चली कड़ी बातचीत और खींचतान के बाद आखिरकार भाजपा और शिवसेना (एकनाथ शिंदे) के बीच सीट बंटवारे पर सहमति बन गई। दोनों दलों ने 137-90 का फॉर्मूला तय किया है। हालांकि सोमवार देर रात तक शिवसेना के कुछ पदाधिकारियों का कहना था कि करीब 14 सीटों को लेकर अब भी सहमति नहीं बन पाई है।

भाजपा नेतृत्व ने बीएमसी चुनाव के लिए सामाजिक संतुलन, क्षेत्रीय पकड़ और संगठनात्मक अनुभव को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवारों का चयन किया है। कई वार्डों में पुराने चेहरों पर भरोसा जताया गया है, तो कुछ जगहों पर नए चेहरों को मौका दिया गया है ताकि संगठन को नई ऊर्जा मिल सके। उद्धव गुट को अलविदा कहकर हाल में भाजपा में आईं तेजस्वी घोसालकर का नाम सूची में सबसे पहले है। घोसालकर वॉर्ड नंबर 2 से चुनाव लड़ेंगी। इसके अलावा कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आए रवी राजा को भी टिकट दिया गया है। रवी राजा धारावी के वार्ड नंबर 185 से चुनाव मैदान में उतरेंगे। वे मुंबई महानगरपालिका में कांग्रेस के पूर्व विपक्षी नेता रह चुके हैं।

पहली लिस्ट में पूर्व भाजपा सांसद किरीट सोमैया के बेटे नील सोमैया (वॉर्ड 107) का नाम भी है, जिन्होंने सोमवार को ही मुलुंड (पश्चिम) के वार्ड नंबर 107 से अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इसके साथ ही भाजपा के पूर्व विधायक आरके पुरोहित के बेटे आकाश पुरोहित (वॉर्ड 221), पूर्व भाजपा पार्षद के बेटे तेजिंदर सिंह तिवाना (वॉर्ड 47) और महाराष्ट्र विधानसभा के स्पीकर राहुल नार्वेकर के भाई मकरंद नार्वेकर (वॉर्ड 226) और भाभी हर्षिता नार्वेकर (वॉर्ड 225) को भी भाजपा ने बीएमसी चुनाव में प्रत्याशी बनाया है। इसके अलावा गणेश खनकर (वॉर्ड 7), हेतल गाला (वॉर्ड 97), मनिषा यादव (वॉर्ड 31), मिलिंद शिंदे (वॉर्ड 85) और नवनाथ बन (वॉर्ड 135) जैसे प्रभावशाली नेताओं के नाम भी पहली लिस्ट में शामिल हैं।

मुंबई समेत राज्य की सभी महानगरपालिकाओं में 15 जनवरी 2026 को मतदान होगा, जबकि 16 जनवरी को मतगणना और नतीजे सामने आएंगे। नामांकन प्रक्रिया 23 दिसंबर से 30 दिसंबर तक चलेगी। नामांकन पत्रों की जांच 31 दिसंबर को होगी और उम्मीदवार 2 जनवरी तक अपना नाम वापस ले सकेंगे। 3 जनवरी को अंतिम उम्मीदवार सूची और चुनाव चिन्ह जारी किए जाएंगे। बीएमसी चुनाव को ठाकरे और भाजपा गठबंधन के बीच वर्चस्व की लड़ाई माना जा रहा है। इसी वजह से भाजपा-शिवसेना गठबंधन पूरी ताकत के साथ ठाकरे भाइयों के सामने मैदान में उतरा है। पिछले चुनाव यानी 2017 की बात करें तो उस समय देश की सबसे अमीर महानगरपालिका बीएमसी (BMC) में शिवसेना (अविभाजित) 84 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी, जबकि भाजपा को 82 सीटें मिली थीं। कांग्रेस ने 31, एनसीपी (अविभाजित) ने 9, मनसे ने 7, समाजवादी पार्टी (सपा) ने 6, एमआईएम ने 2 सीटें हासिल की थीं। वहीं 5 सीटें निर्दलीयों के खाते में गई थीं।