छत्तीसगढ़ के सरकारी दफ्तर में दिवाली गिफ्ट में शराब बंटी, हर टेबल के नीचे बोतलें, EE से भी पूछताछ
छत्तीसगढ़ के कांकेर में विद्युत विभाग के कार्यालय में दिवाली उपहार के नाम पर शराब की बोतलें बांटने का आरोप लगा है। कांग्रेस नेता की शिकायत पर पुलिस ने कार्यालय पहुंचकर बोतलें जब्त कीं और कार्यपालन अभियंता एसके किंडो को पूछताछ के लिए कोतवाली थाने ले गई। मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शराब की बोतलों को जांच के लिए जब्त कर लिया। इसके साथ ही पुलिस विभागीय कार्यपालन अभियंता को पूछताछ के लिए कोतवाली थाना लेकर गई। घटना की जानकारी मिलते ही विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी बड़ी संख्या में थाने पहुंच गए।
ब्लॉक कांग्रेस कमेटी कांकेर ग्रामीण के अध्यक्ष ब्लोमेंद्र यादव को विद्युत विभाग में दिवाली के उपहार के रूप में शराब बांटने की जानकारी मिली थी। सूचना मिलते ही वे विद्युत विभाग के कार्यालय पहुंचे और वहां का वीडियो बनाया। उन्होंने देखा कि दफ्तर में एक ही तरह के पैकेटों में शराब की बोतलें रखी जा रही थीं। महिला कर्मचारियों की मौजूदगी में कार्यालयीन समय के दौरान कई कर्मचारियों की मेज के ऊपर और नीचे शराब की बोतलें मौजूद थीं। जब उन्होंने कार्यपालन अभियंता से सवाल किया, तो उन्हें कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने मामले का वीडियो बनाकर थाने में शिकायत दर्ज कराई।
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के बिजली दफ्तर में दिवाली गिफ्ट के नाम पर शराब बांटी जा रही है।
और कितना विकास चाहिए मित्रों ? https://t.co/n5YNJg0AsR
— Voice of Chhattisgarh (@CGVOICE00777) November 6, 2026
सरकारी दफ्तर के भीतर काम के समय शराब की बोतलें मिलने की खबर फैलते ही शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। शिकायत मिलने पर पुलिस टीम तुरंत विद्युत विभाग के कार्यालय पहुंची। पुलिस ने मौके पर मौजूद शराब की बोतलों को जांच के लिए जब्त कर लिया। कार्यपालन अभियंता को पूछताछ के लिए पुलिस वाहन से कोतवाली थाना लाया गया। इस कार्रवाई के बाद कई अन्य अधिकारी तथा कर्मचारी भी बड़ी संख्या में थाने में जमा हो गए।
विद्युत विभाग के कार्यपालन अभियंता एस. के. किंडो ने कार्यालय में शराब की बोतलें आने की जानकारी होने से साफ इन्कार किया है। उन्होंने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि पुलिस उन्हें अपनी गाड़ी में बैठाकर थाने ले गई और वाहन में ले जाने के दौरान उनके साथ अभद्रता की गई। अधिकारी ने पुलिस के इस व्यवहार को अशोभनीय करार दिया। फिलहाल पुलिस कांग्रेस द्वारा दी गई शिकायत और जब्त बोतलों के आधार पर जांच कर रही है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि शराब की बोतलें कार्यालय में किस उद्देश्य से और किसके द्वारा रखी गई थीं।
