राष्ट्रपति के दत्तक पुत्रों की जमीन पर एक धर्म विशेष के लोगों का कब्जा, कमिश्नर ने दिए जांच के आदेश
अंबिकापुर : लखनपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत माजा के राजकटेल बस्ती में राष्ट्रपति के दत्तक पुत्र पंडो जनजाति की जमीनों पर एक धर्म विशेष के लोगों द्वारा कब्जा किए जाने की शिकायत भाजपा पार्षद आलोक दुबे ने सरगुजा कमिश्नर से की है। उन्होंने कहा है कि पंडो जनजाति की जमीनों को लीज के नाम पर 50 से 100 रुपए के स्टांप पर अपने नाम कराकर मकान बना लिए हैं। उन्होंने कमिश्नर से जमीनों को कब्जा मुक्त कराने की मांग की है। मामले में कमिश्नर ने कलेक्टर को जांच के आदेश देते हुए प्रतिवेदन प्रस्तुत करने कहा है।
भाजपा पार्षद ने शिकायत में बताया है कि ग्राम माजा के राजकटेल बस्ती में निवासरत 12 पंडो जनजातियों का परिवार निवासरत है। इन्हें सरगुजा सेटलमेंट व शासकीय पट्टे की जमीन मिली हुई है। अधिकांश जमीनों पर झारखंड, बिहार व बंगाल से आए एक धर्म विशेष के लोगों द्वारा धमकी देकर तथा शराब पिलाकर 50 और 100 रुपए के स्टांप पर 50 साल और 30 साल की लीज पर अपने नाम लिखवा लिया है।
जबकि शुरु में ये बकरी, ताबीज, चूड़ी व मनिहारी का सामान बेचने के नाम पर बस्ती में आए थे। वर्तमान में इस बस्ती में एक धर्म विशेष के करीब 500 लोग मकान बनाकर बस गए हैं। शिकायत में उन्होंने कहा है कि यह एक गंभीर मामला है। उन्होंने मामले की जांच कराकर पंडो जनजातियों को उनकी जमीन दिलाने की मांग की है।
भाजपा पार्षद ने पंडो जनजाति की जमीनों को अपने नाम लिखवा लेने वालों के नाम भी बताए हैं। इन्होंने 12 पंडो परिवारों की 1 एकड़ से लेकर 5 एकड़ तक की जमीनों पर कब्जा कर रखा है। अधिकांश जमीनों पर उन्होंने मकान बना रखे हैं। मामले को लेकर पंडो समाज केपदाधिकारियों ने भी गांव में बैठक की थी। समाज के लोगों ने 22 फरवरी को मामले की शिकायत लखनपुर थाने में भी की है। उन्होंने बताया कि एक धर्म विशेष के लोग उन्हें धमकी देते हैं, जिससे वे दहशत में हैं।
भाजपा पार्षद ने मामले की शिकायत 18 फरवरी को कमिश्नर नरेंद्र कुमार दुग्गा के समक्ष की थी। कमिश्नर ने 20 फरवरी को कलेक्टर को पत्र लिखकर मामले के जांच के निर्देश दिए हैं। पत्र में कहा गया है कि यह एक गंभीर प्रकृति का मामला है। इसकी जांच कर जल्द ही रिपोर्ट से कार्यालय को अवगत कराएं।
