ममता को कोर्ट से राहत नहीं, फ्रीज ही रहेंगे ₹440 करोड़ वाले TMC के तीन बैंक खाते

कोलकाता। बंगाल में चुनावी शिकस्त और आंतरिक गुटबाजी से जूझ रही तृणमूल कांग्रेस को कलकत्ता हाई कोर्ट से राहत नहीं मिली। कोर्ट ने ईडी द्वारा पार्टी के तीन मुख्य बैंक खातों को फ्रीज करने के फैसले पर अंतरिम रोक लगाने से साफ इनकार कर दिया है। इन खातों में 440 करोड़ रुपये की मोटी राशि जमा है, जिसका उपयोग अब पार्टी अपने संगठनात्मक या राजनीतिक खर्चों के लिए नहीं कर पाएगी। न्यायमूर्ति कृष्णा राव की पीठ ने तृणमूल के ममता बनर्जी खेमे की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें दैनिक संचालन के लिए इन खातों के इस्तेमाल की अंतरिम अनुमति मांगी गई थी।

यह मामला धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत वित्तीय अनियमितताओं, गैर-कानूनी तरीके से धन जुटाने और संदिग्ध फंड की हेराफेरी से जुड़ा है।

मामले पर 13 जुलाई को सुनवाई पूरी होने के बाद फैसले को न्यायाधीश ने सुरक्षित रख लिया था। सोमवार को उन्होंने फैसला सुनाया जिसमें तृणमूल के ममता खेमे को राहत नहीं मिली।

ईडी की जांच में खुलासा हुआ है कि अप्रैल 2023 से जून 2026 के बीच तृणमूल के खातों से लगभग 160 करोड़ रुपये ‘केयरवेल एविएशन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड’ और उसकी सहयोगी कंपनियों को भेजे गए।

इसके बाद, केयरवेल एविएशन ने करीब 83 करोड़ रुपये एक अन्य नई इकाई में ट्रांसफर किए। इस संदिग्ध रकम में से 112 करोड़ रुपये का इस्तेमाल एक लग्जरी एम्ब्रेयर लीगेसी 600 कमर्शियल विमान और एक अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकाप्टर खरीदने के लिए किया गया।

मामले की शुरुआत तृणमूल के बागी विधायक विश्वनाथ दास की शिकायत के बाद कोलकाता पुलिस की प्राथमिकी से हुई थी। 19 जून को पुलिस ने इन खातों पर रोक लगाई थी, जिसके बाद आठ जुलाई को ईडी ने 440 करोड़ रुपये के इन खातों को पूरी तरह सील कर दिया। हालांकि, इससे पहले एक अन्य पीठ ने पुलिस की कार्रवाई पर सीमित छूट दी थी, लेकिन ईडी की पीएमएलए कार्रवाई पर हाई कोर्ट की इस ताजा टिप्पणी ने ममता खेमे की वित्तीय राहें पूरी तरह रोक दी हैं।