SBI ग्राहकों को अब महंगा पड़ेगा ATM से पैसे निकालना, सैलरी अकाउंट वालों को भी झटका
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने ATM ट्रांजैक्शन चार्ज में बदलावों को लागू कर दिया है। ऐसे में SBI डेबिट कार्ड धारकों को दूसरे बैंकों के ATM इस्तेमाल करने पर अब ज्यादा शुल्क देना पड़ सकता है। यह अतिरिक्त खर्च खासतौर पर तब लगेगा, जब ग्राहक अपनी मंथली फ्री ट्रांजैक्शन लिमिट पूरी कर चुके होंगे। ये बदलाव मुख्य रूप से SBI के सेविंग्स अकाउंट, सैलरी अकाउंट और करंट अकाउंट धारकों को प्रभावित करते हैं। हालांकि, किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) और बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट (BSBD) अकाउंट्स को इन संशोधित चार्ज से बाहर रखा गया है, यानी इन पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगेगा। SBI के सेविंग्स अकाउंट धारकों को दूसरे बैंकों के ATM पर हर महीने पहले की तरह 5 फ्री ट्रांजैक्शन मिलते रहेंगे। लेकिन इस लिमिट के बाद कैश निकालने पर अब 23 रुपये प्लस GST और बैलेंस चेक या मिनी स्टेटमेंट जैसे नॉन-फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन पर 11 रुपये प्लस GST देना होगा। SBI सैलरी अकाउंट धारकों के लिए यह बदलाव सबसे अहम है। पहले इन्हें दूसरे बैंकों के ATM पर अनलिमिटेड फ्री ट्रांजैक्शन की सुविधा मिलती थी, लेकिन अब इसे सीमित कर दिया गया है। अब सैलरी अकाउंट धारकों को महीने में सिर्फ 10 फ्री ट्रांजैक्शन मिलेंगे। इसके बाद कैश विदड्रॉल पर 23 रुपये प्लस GST और नॉन-फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन पर 11 रुपये प्लस GST चार्ज किया जाएगा।
SBI के करंट अकाउंट धारकों को पहले भी कोई फ्री ATM ट्रांजैक्शन नहीं मिलता था और अब भी नहीं मिलेगा। दूसरे बैंक के ATM से हर कैश विदड्रॉल पर 23 रुपये प्लस GST और हर नॉन-फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन पर 11 रुपये प्लस GST देना होगा। 1 दिसंबर 2025 से लागू इन नए नियमों के बाद SBI ग्राहकों को दूसरे बैंकों के ATM इस्तेमाल करते समय अपनी फ्री ट्रांजैक्शन लिमिट पर खास ध्यान देना होगा। खासकर सैलरी अकाउंट धारकों के लिए यह बदलाव बड़ा है, क्योंकि अनलिमिटेड फ्री ट्रांजैक्शन की सुविधा अब खत्म हो चुकी है और लिमिट पार करते ही हर ट्रांजैक्शन महंगा पड़ेगा।
