भारत-बांग्लादेश बॉर्डर पर DRI और BSF की बड़ी कार्रवाई, 12 किलो विदेशी सोना जब्त
भारत-बांग्लादेश सीमा पर डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस और बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स ने बड़ी कार्रवाई की है। बॉर्डर के जरिए होने वाली सोने की तस्करी के खिलाफ यह कार्रवाई कई गई है। दोनों एजेंसियों ने करीब 17 करोड़ रुपये कीमत का लगभग 12 किलो विदेशी सोना जब्त किया है। यह कार्रवाई पश्चिम बंगाल और बिहार में सीमा से सटे इलाकों के साथ-साथ एक ट्रेन यात्री के खिलाफ भी की गई। मंत्रालय ने बताया कि पश्चिम बंगाल और बिहार में कई अभियान के दौरान, लगभग 12 किलोग्राम विदेशी सोना जब्त किया गया, जिसकी कुल कीमत लगभग 17 करोड़ रुपये है।
मंत्रालय ने बताया कि सीमा के निकटवर्ती स्थानों और ट्रेन के एक यात्री के पास से सोना बरामद किया। एक अलग बयान में मंत्रालय ने कहा कि डीआरआई ने देश भर में चलाए गए सात अलग-अलग अभियान में कुल 61 करोड़ रुपये से ज्यादा कीमत का लगभग 21 किलोग्राम विदेशी सोना जब्त किया है। बयान में यह भी कहा गया है कि सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 के प्रावधानों के तहत पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
पश्चिम बंगाल में बीएसएफ की 161 बटालियन के जवानों ने 20-21 सितंबर को BOP गोंगरा इलाके में भारत-बांग्लादेश बॉर्डर रोड के पास बिना दावे वाला विदेशी सोना बरामद किया। बरामद सोने के 27 टुकड़ों का कुल वजन करीब 3.15 किलो था। बाद में DRI ने मामले को अपने हाथ में लेते हुए कस्टम्स एक्ट 1962 के तहत सोना जब्त कर लिया। इसके अलावा 21 सितंबर को BOP महाखोला इलाके में BSF जवानों ने 24 कैरेट विदेशी सोने के 10 टुकड़े बरामद किए। इनका वजन करीब 1.16 किलो था। अधिकारियों के अनुसार, सोने को भारत-बांग्लादेश सीमा की बाड़ के आगे हाथखोला गांव में एक हैंडपंप के पास छिपाकर रखा गया था। DRI ने बाद में सोने को अपने कब्जे में लेकर कस्टम्स एक्ट, 1962 की धारा 110 के तहत जब्त कर लिया।
इससे पहले 10-11 सितंबर को BSF जवानों ने BOP पत्थरघाटा इलाके में भारत-बांग्लादेश सीमा की बाड़ के पास विदेशी सोने की 48 छड़ें बरामद की थीं। इनका कुल वजन करीब 5.9 किलो बताया गया। बाद में DRI ने इस कंसाइनमेंट को अपने कब्जे में लेकर जब्त कर लिया। एजेंसियां बरामद सोने के स्रोत और तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही हैं।
