संसद में राहुल बोले- अमेरिका को हमारा डेटा चाहिए, हमारी सरकार होती तो…
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का भाषण जारी है। राहुल ने कहा- हम युद्ध के दौर में जी रहे हैं। गाजा में युद्ध, रूस-यूक्रेन के बीच चल रही है। चीन अमेरिका को चैलेंज कर जा रहा है। अब एनर्जी और फाइनेंस को हथियार बना दिया गया है। भारत और पाकिस्तान के बीच ऑपरेशन सिंदूर भी चल रहा है। राहुल ने कहा- प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने कहा कि युद्ध का युग समाप्त हो गया है, लेकिन हम युद्ध के युग में प्रवेश कर रहे हैं। देश के बजट में दुनियाभर के संघर्षों के असर से निपटने को लेकर कुछ नहीं कहा गया है। बजट में एनर्जी और फाइनेंस को वेपनाइजेशन के बारे में कुछ नहीं है।
राहुल ने कहा- देश के 140 करोड़ लोगों के पास बहुत बड़ा चैलेंज है। भारत से एक बहुत बड़ा डेटा जेनरेट रहा है। AI के आने से एक बहुत बड़ा संकट दिख रहा है। पुराने सिस्टम को चुनौती दी जा रही है। AI के लिए डेटा पेट्रोल की तरह है। बजट में कुछ नहीं है। नेता प्रतिपक्ष ने आगे कहा- डॉलर को बचाने के लिए अमेरिका को डेटा चाहिए। अमेरिका और चीन की नजर भारत के डेटा पर है। हम होते तो कहते कि हमें अपना डेटा बचाना है। मेरे लिए सबसे महत्वपूर्ण लोग हैं। वे क्या सोचते हैं, क्या करते हैं, यह जरूरी है। हमारे लोग ही हमारी सबसे बड़ी संपत्ति हैं।
राहुल ने कहा- अगर अमेरिकी चाहते हैं कि उनके पास सुपरपावर रहे, अपने डॉलर की रक्षा करना चाहते हैं, तो इसके लिए भारतीय डेटा बहुत जरूरी है। हमारी आबादी एक ताकत है, लेकिन तभी जब आप यह समझें कि डेटा कितने जरूरी हैं। अगर इंडिया ब्लॉक राष्ट्रपति ट्रम्प के साथ बातचीत कर रहा होता, तो हम कहते कि इस डील में सबसे अहम भारतीय डेटा है
